प्रति मंगलवार होने वाली जनसुनवाई मेंं अधिकतर आवेदक निराश होकर लौटते है, लेकिन इस बार एक मानवता की मिसाल भी देखने को मिली। ग्राम चमाटी से आए दिव्यांग गुरुदास महाजन जो अपनी शारीरिक कमजोरी के कारण काम करने में असमर्थ है, उसने अंत्योदय कार्ड बनाने की गुहार लगाई। कलेक्टर ऋषव गुप्ता ने तत्काल जिला आपूर्ति अधिकारी को निर्देश देकर हर माह मुफ्त खाद्यान्न की व्यवस्था करने के निर्देश दिए।
डिप्टी कलेक्टर एवं प्रभारी जिला आपूर्ति अधिकारी दिनेश सावले ने बताया कि आवेदक गुरुदास को नि:शुल्क खाद्यान्न उपलब्ध कराने के लिए पंजीयन करा दिया गया है। अगले 2-3 दिन में उसकी अंत्योदय योजना की पात्रता पर्ची जनरेट हो जाएगी और उसे हर माह मुफ्त खाद्यान्न मिलने लगेगा। मुफ्त खाद्यान्न की व्यवस्था होने पर गुरुदास खुशी खुशी अपने घर गया। ग्राम भण्डारिया के ग्रामीणों ने कलेक्टर को आवेदन देकर बताया कि उनके ग्राम में अवैध रूप से शराब बेची जा रही है, जिससे गांव का माहौल खराब हो रहा है, जिस पर उन्होंने जिला आबकारी अधिकारी को गांव में शराब की अवैध बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए।
खेत में तालाब नहीं, निकाल ली राशि
ग्राम सिहाड़ा निवासी शफी नत्थू ने आवेदन देकर बताया उसक कृषि भूमि पर पंचायत ने तालाब दर्शा कर धनराशि निकाल ली है, जबकि उसके खेत में कोई तालाब का निर्माण नहीं कराया गया है। सिहाड़ा निवासी रहीम पिता सिवाई ने भी कलेक्टर से शिकायत की कि उसके खेत में कोई तालाब नहीं बना है, लेकिन उसके खेत में तालाब निर्माण के नाम पर पंचायत द्वारा 1.23 लाख रुपए निकाल लिए गए हैं। साथ ही बाबू पिता सिवई ने भी उसके खेत में तालाब निर्माण के नाम पर पंचायत द्वारा 1.59 लाख रुपए आहरण होने की शिकायत की, जबकि उसके खेत में कोई तालाब नहीं बना है। कलेक्टर ने जिला पंचायत सीईओ को मामले की जांच कर दोषियों के विरूध्द कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
ये आवेदन भी आए जन सुनवाई में
हरसूद विकासखंड के ग्राम पंचायत तोरन्या के ग्रामीणों ने पशुओं के पेयजल के लिए टंकी एवं अन्य निर्माण कार्य न होने के बावजूद पंचायत द्वारा राशि आहरण करने संबंधी शिकायत की। ग्राम सिर्रा निवासी ग्रामीणों ने फसल क्षति होने के बावजूद फसल बीमा की राशि न मिलने की शिकायत की। ग्राम जामली सैयद के ग्रामीणों ने नहर निर्माण के सम्बंध में शिकायत करते हुए, नहर का पानी सिंचाई के लिए उपलब्ध कराने का अनुरोध कलेक्टर से किया, जिस पर उन्होंने नर्मदा घाटी विकास विभाग के अधिकारियों को समय सीमा में कार्यवाही के निर्देश दिए।