बैकुंठपुर। खाद्य एवं औषधि प्रशासन की टीम मंगलवार को भी दोबारा एसएलआरएम सेंटर के पीछे अघोषित ट्रैंचिंग ग्राउंड पहुंची। इस दौरान जेसीबी मशीन से जमीन के नीचे दबी एक्सपाइरी दवाइयां खोदकर निकाली। खुदाई से बड़ी मात्रा में एक्सपाइरी दवाइयां मिली है। बड़े-बड़े प्लास्टिक में बांधकर मेडिकल कचरे के साथ जमीन के नीचे दवाइयां दबी थी। ड्रग इंपेक्टर विकास लकड़ा के नेतृत्व में टीम खोदकर निकाली और दवाइयों को एकत्रित करने में जुटी है। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले गोठान के पीछे बड़ी संख्या में सीजीएमएससी से आपूर्ति हुई एक्सपाइरी दवाइयां फेंकी गई थी। कुछ दवाइयां जमीन के अंदर दबी थी और कुछ दवाइयां खुले में फेंकी मिली थी।
तलवापारा एसएलआरएम सेंटर के पीछे कचरे का ढेर, गेज नदी तक पहुंचने लगा
जानकारी के अनुसार एसएलआरएम सेंटर के पीछे शहर से निकलने वाले कचरे का ढेर लगा है। जिससे गोठान से लेकर गेज नदी तट तक कचरा फैला हुआ है। हालाकि अधिकांश कचरे को जमीन के अंदर दफन कर दिया गया है। बावजूद धीरे-धीरे कचरे का पहाड़ बनने लगा है। यह एरिया अघोषित रूप से ट्रैचिंग ग्राउंड में तब्दील होने लगा है। जो आने वाले समय में कचरा गेज नदी में बह गिरता जाएगा। हालाकि अभी आंधी-तूफान से प्लास्टिक, कचरे सहित अन्य गंदगी गेज नदी में मिल रही है।
कचरे के ढेर में जगह-जगह जमीन के भीतर दवाइयां दबी है। पूरा निकालने में कई दिन समय लग सकता है। आगे में खुदाई कर दवाइयां एकत्रित की जाएगी। फिर मामले में जांच कर रिपोर्ट तैयार कर प्रशासन को सौंपी जाएगी। दो दिन में १९ बोरी दवाइयां मिली है।
विकास लकड़ा, इंस्पेक्टर खाद्य एवं औषधि प्रशासन कोरिया