कोलकाता के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में महिला रेजिडेंट के साथ हुई घटना के विरोध में आईएमए के आह्वान पर संयुक्त संघर्ष महारैली निकाली गई। महारैली में चिकित्सक व सामाजिक व राजनैतिक संगठनों से जुड़े लोग शामिल हुए। रैली शाम 4.30 बजे से दादाबाड़ी रोटरी तिराहा से शुरू हुई, जिसमें चिकित्सक नो सेफ्टी-नो ड्यूटी, सीबीआई जांच में मिले दोषियों को फांसी देने, अस्पतालों की सुरक्षा का कानून बनाने समेत नारे लगाते हुए चल रहे थे।
महारैली में आईएमए चिकित्सक, मेडिकल, नर्सिंग छात्र व छात्राएं 500 से अधिक विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारियों व सदस्यों की भागीदारी रही। महारैली सीएडी सर्किल होते हुए लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के कैंप कार्यालय पर संपन्न हुई। यहां लोकसभा अध्यक्ष को विभिन्न मांगों का ज्ञापन दिया।
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. अशोक शारदा ने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष को सौंपे ज्ञापन के माध्यम से हमने मामले की सीबीआई जांच में मिले दोषियों को फांसी देने, अस्पतालों की सुरक्षा का कानून बनाने, जांच में रोडे अटका रही व सबूत नष्ट कर रही बंगाल सरकार बर्खास्त करने, रेज़िडेंट की ड्यूटी व्यवस्थाएं सुधारने, महिला ड्यूटी रूम की अलग सुरक्षित व्यवस्था करने की मांग की गई। आईएमए कोटा की अध्यक्ष डॉ. मिनाक्षी शारदा ने कोलकता की घटना को लेकर गहरा आक्रोश जताया है। उन्होंने कहा कि किसी की बहन, बेटी के साथ इस तरह की घटना नहीं होनी चाहिए। ऐसी घटना के लिए सख्त कानून बनना चाहिए।
रैली में डॉ. केके पारिक, डॉ. गिरीश माथुर, डॉ एस सान्याल, डॉ. जेपी गुप्ता, डॉ. अविनाश बंसल, डॉ. मोहन मंत्री, डॉ. कुलदीप राणा, डॉ. केके डंग, डॉ. नवनीत बागला, डॉ. ललित भारद्वाज, सचिव डॉ. दीपक गुप्ता, डॉ. अमित व्यास, समाजसेवी महेश अजमेरा,सुरेश काबरा, किशन पाठक, रामगोपाल अग्रवाल, सीएम बिरला, प्रद्युम्न पाटनी, डॉ. मेघना शेखावत आदि मौजूद रहे।
इनका मिला सहयोग
रैली में एनएमओ, आईएमए जेडीएन, एमएसएन, रोटरी क्लब, इनर व्हील क्लब, माहेश्वरी समाज, माहेश्वरी महिला मंडल, अग्रवाल समाज, पंजाबी खत्री समाज,पंजाबी स्वर्णकार समाज, पोरवाल युवक संघ, जीतो संगठन,सकल दिगंबर जैन समाज, आईएममए बारां, मैत्री इंस्टिट्यूट, आनंद अकैडमी, कोटा क्लब, भाविप पन्नाधाय शाखा, रानी लक्ष्मी बाई शाखा, मानव विकास समिति, जेसीआई संगिनी, कोटा व्यापार महासंघ, सिंहसभा, सिंधु सोशल सर्किल, जैन सोशल ग्रुप प्रमुख थीं।