
मऊ. अयोध्या में राम मंदिर निर्माण को लेकर संतों का आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है। मऊ में मंगलवार को संत समाज और अंतरराष्ट्रीय हिन्दू परिषद के साथ ही विश्व हिंदू परिषद के लोगों ने जिलाधिकारी कार्यालय परिसर में जमकर हंगामा काटा। संत समाज के लोगों की मांग है कि योगी मोदी की सरकार ने जो चुनाव से पहले जो वादा किया था उसको पूरा करे। संतों ने कहा कि जब मंदिर नहीं बनाना था तो कारसेवकों की हत्या क्यों कराई गई, इनका इस बार विनाश तय है।
संत समाज ने योगी सरकार का जमकर विरोध भी किया और कहा कि राम मंदिर बनवाने के लिए मुद्दा अयोध्या में संत परमहंस जी महाराज ने उठाया तो उनको पुलिस प्रशासन ने जबरदस्ती अनशन से उठा लिया और उनको नजर बन्द भी कर दिया है, जिसके बारे में कोई जानकारी नहीं है। उनको संत समाज के सामने लाया जाए और मंदिर निर्माण का ऐलान किया जाये ।
अंतर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद के रामाशीष सदस्य प्रान्त कार्य समिति गोरक्ष ने बताया कि 2014 के लोकसभा चुनाव से जो इन्होंने वादा किया था उसको पूरा करने का काम नहीं किया और जो वादा किया ही नहीं था उसको पूरा कर रहे है । सरकार को तीन तलाक का मुद्दा याद था और राम मंदिर मुद्दा भूल गया। एससी एसटी कानून को अध्यादेश के माध्याम से बना दिया तो हम लोग भी मांग करते है कि राममंदिर के लिए अध्यादेश लेकर मंदिर बनाने का काम करें।
संत समाज की मांग
परमहंस महाराज जी को अविलंब रिहा किया जाये ।
परमहंस महाराज जी के साथ मे अभद्र व्यवहार करने वाले पुलिस कर्मियों पर हो कार्रवाई।
घटना में दोषी लोग संत समाज से माफी मांगे।
संसद में कानून बनाकर राम मंदिर का निर्माण किया जाये।
BY- VIJAY MISHRA