नागौर. जयमल जैन श्रावक संघ की ओर से शुक्रवार को जयमल जैन पौषधशाला में कार्यक्रम में पैसठिया छंद का सामूहिक रूप से 71 जोड़ों ने जाप किया। इसमें पुरुष वर्ग सफेद वस्त्र एवं महिला वर्ग लाल चुनड़ी साड़ी में शामिल हुई। करीब एक घंटे तक चले जाप से माहौल बदला नजर आया। इस दौरान साध्वी बिंदुप्रभा ने कहा कि पैसठिया छंद आधि, व्याधि और उपाधि का उन्मूलन कर समाधि की स्थिति को प्रगट करता है। इसकी विधिवत साधना कर इच्छित फल की प्राप्ति की जा सकती है। दोपहर में सुशील आराधना भवन में नवकार मंत्र का जाप हुआ। प्रवचन की प्रभावना का लाभ मानमल, जीवराज मूथा परिवार पीपाड़ सिटी व सुपारसचंद, श्रीपालचंद लोढ़ा को मिला। कविता चौरडिय़ा के तीन उपवास की तपस्या का बहुमान संघ की ओर से रेखा सुराणा ने तपस्या की बोली लेकर किया। सोहन नाहर व लिछमा बाई भी सम्मानित हुए। नवकार महामंत्र के पाट को घर ले जाने का लाभ प्रकाशचंद, प्रदीप, विवेक, योहान बोहरा परिवार ने बोली लेकर प्राप्त किया।
आज होगा विहार
संघ मंत्री हरकचंद ललवानी ने बताया कि शनिवार सुबह साढ़े आठ बजे साध्वी वृंद का चातुर्मास समापन के पश्चात प्रथम विहार होगा। लोढ़ा का चौक, माही दरवाजा आदि मार्गों से होते हुए साध्वी वृंद शारदापुरम स्थित प्रकाशचंद बोहरा के निवास पहुंचेंगी। इस दौरान नवकार मंत्र का पाट भी संघ की मौजूदगी में बोहरा के निवास पर ले जाया जाएगा। यहां साध्वी वृंद मंगल पाठ सुनाएंगी। इसके बाद साध्वी वृंद ससंघ शारदापुरम स्थित किशोरचंद पारख के निवास जाएंगे। यहां पर साध्वी वृंद का दो दिवसीय प्रवास रहेगा। रविवार को साध्वी वृंद के सानिध्य में पारख के निवास पर जैनाचार्य जयमल महाराज का दीक्षा दिवस मनाया जाएगा। पैंसठिया छंद जाप गौतमचंद सुराणा , प्रेमचंद कोठारी , निर्मलचंद पींचा , दीपक सैनी, पंकज , पूनमचंद बैद, नरपतचंद ललवानी, किशोरचंद ललवानी, नरेंद्र चौरडिय़ा, मूलचंद ललवानी, धनराज सुराणा, पवन पारख, नौरतन बांगानी, मुकेश ललवानी, अमित नाहटा, ज्ञानचंद माली, चंपालाल जांगीड़, ज्ञानचंद नाहटा, निर्मल ललवानी, प्रेमचंद तंवर आदि ने किया।