HDFC Argo to insure our crops नागौर. प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना PMFBY की जानकारी किसानों को देने के उद्देश्य से सोमवार को बीमा कम्पनी का एक रथ जिला कलक्टर दिनेश कुमार यादव ने कलक्ट्रेट से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर कलक्टर यादव ने बताया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना अब तक की बीमा योजनाओं में श्रेष्ठ योजना है, जिसमें किसान से कम से कम प्रीमियम वसूला जाता है, जबकि प्रीमियम का ज्यादातर हिस्सा राज्य एवं केन्द्र सरकार द्वारा वहन किया जाता है।
कलक्टर ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि इतनी अच्छी बीमा योजना होने के बावजूद पिछले तीन साल में बीमा कम्पनियों की उदासीनता एवं लापरवाही के कारण किसानों को न तो पूरी जानकारी मिल पाई और न ही पूरा क्लेम crop-insurance मिल पाया। इसको लेकर उन्होंने राज्य सरकार को पत्र लिखा, जिसके चलते सरकार ने इस बार ऐसी कम्पनी को नागौर में बीमा करने की जिम्मेदारी सौंपी है, जिसने पूर्व में अन्य जिलों में ठीक काम किया है। कलक्टर ने कहा कि किसानों को फसल बीमा योजना के बारे में सम्पूर्ण जानकारी देने, फसल में नुकसान होने पर उसका क्लेम उठाने सहित अन्य जितनी प्रकार की जानकारी है, इस रथ के माध्यम से गांवों में कम्पनी द्वारा दी जाएगी।
कृषि विभाग के उप निदेशक हरजीराम चौधरी ने बताया कि नागौर जिले के ऋणी एवं गैर ऋणी किसान आगामी 31 जुलाई तक अपनी फसलों का बीमा insure our crops करवा सकते हैं।
बीमा योजना का उद्देश्य
बीमा योजना का मुख्य उद्देश्य प्राकृतिक आपदा जैसे- सूखा, बाढ़, जल प्लावन, कीट एवं व्याधि, प्राकृतिक आग एवं आकाशीय बिजली का गिरना आदि परिस्थितियों में जिले की अधिसूचित फसलों की विफलता की दशा में बीमा संरक्षण एवं आर्थिक सहायता प्रदान करना है। नागौर जिले में खरीफ-2019 के लिए फसल बीमा कम्पनी एचडीएफसी एर्गो जनरल इंश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड कार्य करेगी। बीमा कम्पनी के टोल फ्री नम्बर 18002660700 हैं।
ये हैं शर्तें एवं नियम
फसल बीमा योजना के अन्तर्गत सभी कृषक अपनी फसलों का बीमा करवा सकते हैं।
– ऋणी कृषक – जिन कृषकों ने वित्तीय संस्थान जैसे – सहकारी बैंक एवं सहकारी समिति, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, व्यावसायिक बैंक एवं भूमि विकास से 31 जुलाई तक फसली ऋण लिया है, उनका बीमा बैंक द्वारा कर दिया जाएगा।
– गैर ऋणी कृषक एवं बंटाईदार कृषक – गैर ऋणी कृषक अपनी फसलों का बीमा दिनांक 31 जुलाई तक निकट के केन्द्रीय सहकारी बैंक/क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक/बाणिज्यिक बैंक की शाखाओं एवं सीएससी के माख्यम से करवा सकेंगे।