4 मार्च 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

समाचार

भीलवाड़ा यूआईटी अब धन्ना सेठ: भूखंड आवंटन लॉटरी से कमाए लिए 289 करोड़

भूखंड आवंटन लॉटरी ने नगर विकास न्यास को खरबपति बना दिया है। महज एक माह में न्यास का कोष पचास करोड़ से बढ़कर 289 करोड़ के पार हो गया। हालांकि इसमें 18 करोड़ की राशि न्यास ने आवेदन फार्म बेच कर जमा की है, जबकि मोटी राशि उपभोक्ताओं की पंजीयन राशि के रूप में आई है।

Google source verification

भीलवाड़ा

image

Narendra Kumar Verma

image

bhilwara uit

Sep 09, 2025

भीलवाड़ा। भूखंड आवंटन लॉटरी ने नगर विकास न्यास को खरबपति बना दिया है। महज एक माह में न्यास का कोष पचास करोड़ से बढ़कर 289 करोड़ के पार हो गया। हालांकि इसमें 18 करोड़ की राशि न्यास ने आवेदन फार्म बेच कर जमा की है, जबकि मोटी राशि उपभोक्ताओं की पंजीयन राशि के रूप में आई है। भूखंड आवंटन लॉटरी के बाद न्यास की मूल जमा पूंजी का हिसाब सामने आ पाएगा, लेकिन इस अवधि में जमा राशि पर मोटा ब्याज भी न्यास की पूंजी को और बढ़ाएगा।

न्यास भीलवाड़ा के इतिहास में पहला मौका है जब राजकोष में छप्पर फाड़ कर रुपया आया है। बजट को तरस रही न्यास में 21 जुलाई 2025 से रुपए की कोई कमी नहीं है। यहां का राजकोष अब तीन खरब को पार कर गया है। इसमें सर्वाधिक 289 करोड़ 42 लाख दस हजार 74 रुपए भूखंड आवंटन लॉटरी योजना में हुए आवेदनों से आया। जबकि पचास करोड़ पूर्व का बजट है। न्यास ने आठ आवासीय योजना में 3081 भूखंडों के लिए आवेदन मांगे थे। इनमें 90 हजार 75 आवेदकों ने दो-दो हजार रुपए में आवेदन फार्म के जमा कराए और उसके बाद आय श्रेणी के आधार पर पंजीयन राशि जमा कराई थी।

आठ बैंकों से एकत्र की मोटी पूंजी

न्यास का कोष आंकड़ा बताता है कि भूखंड आवंटन लॉटरी योजना से न्यास के कोष में 289 करोड़ 42 लाख दस हजार 74 रुपए की प्राप्ति हुई है। इनमें एचडीएफसी बैंक से 69 करोड़ 24 लाख 16 हजार 269.56, एसबीआई से 40 करोड़ 56 लाख 50 हजार 232.94, बडौदा राजस्थान क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक से 38 करोड़ 30 लाख 98 हजार 356.25, बैंक ऑफ इंडिया से 36 करोड़ 62 लाख 27 हजार 361, आईसीआईसीआई बैंक से 33 करोड़ 7 लाख 06 हजार 664.27, बैंक ऑफ बडौदा से 31 करोड़ 86 लाख 92 हजार 160 तथा एक्सीस बैंक से 26 करोड़ 51 लाख 04 हजार 911.42 व यस बैंक से 13 करोड़ 23 लाख 14 हजार 119 रुपए आए हैं।

चार प्रशासनिक टीमें गठित

लॉटरी प्रभारी अधिशासी अभियंता रविश श्रीवास्तव ने बताया कि योजना में आवेदन भूखंड की तय श्रेणी के आधार पर पंजीयन राशि जमा कराई है। लॉटरी में असफल आवेदकों को यह राशि ऑनलाइन बैंक के जरिए लौटा दी जाएगी। उन्होंने बताया कि लॉटरी में प्राप्त आवेदन पत्रों की जांच के पश्चात कुछ आवेदन पत्रों में आवश्यक दस्तावेजों की कमी पाई है, जिसकी पूर्ति के लिए अधिशासी अभियंता कृष्ण गोपाल नागर एवं सहायक अभियंता पवन कुमार जीनगर, रोहन कुमार अजमेरा व शक्तिसिंह राणावत की अगुवाई में चार प्रशासनिक टीमें गठित की है।