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दौड़ा-दौड़ा कर दोस्त ने ही ट्रैक्टर से कुचल कर मार डाला

भीलवाड़ा शहर के निकट प्रियदर्शिनी इंदिरा विहार कॉलोनी में चार दिन पूर्व तिलकनगर निवासी महेन्द्रसिंह का झाडि़यों में रक्तरंजित शव मिलने के मामले का सदर पुलिस ने खुलासा कर दिया। महेन्द्रसिंह की हत्या हुई थी। सदर थाना पुलिस ने हत्या के आरोपी में मृतक के दोस्त को गिरफ्तार किया।

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भीलवाड़ा। शहर के निकट प्रियदर्शिनी इंदिरा विहार कॉलोनी में चार दिन पूर्व तिलकनगर निवासी महेन्द्रसिंह का झाडि़यों में रक्तरंजित शव मिलने के मामले का सदर पुलिस ने खुलासा कर दिया। महेन्द्रसिंह की हत्या हुई थी। सदर थाना पुलिस ने हत्या के आरोपी में मृतक के दोस्त को गिरफ्तार किया। अवैध सम्बंधों की परिणिति हत्या का कारण बनी। मृतक के आरोपी की पत्नी के साथ अवैध सम्बंध थे।

डीएसपी सदर माधव उपाध्याय ने बताया कि गत 29 नवम्बर को प्रियदर्शिनी इंदिरा विहार कॉलोनी के निकट खंडर मकानों के पीछे झाडि़यों में युवक का शव मिला था। मृतक की पहचान तिलकनगर निवासी महेन्द्र सिंह के रूप में हुई। मृतक का शव उसके घर से करीब तीन किलोमीटर दूर मिला। सिर पर चोट के निशान मिले। मामले के खुलासे को लेकर विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने अनुसंधान के बाद मामला हत्या का पाया। हत्या के आरोप में मृतक के दोस्त लक्ष्मीपुरा(बनेड़ा) निवासी रामेश्वरलाल जाट को गिरफ्तार किया।

बिजनेस पार्टनर थे, अवैध सम्बंध बना लिए

सदर थाना प्रभारी कैलाश कुमार विश्नोई ने पूछताछ की तो सामने आया कि पिछले सात-आठ साल से आरोपी रामेश्वर और महेन्द्र दूध डेयरी के बिजनेस पार्टनर थे। दोनों के बीच लेनदेन भी होता था। इस दौरान रामेश्वर की पत्नी से महेन्द्र के अवैध सम्बंध बन गए। महेन्द्र अपने मकान में रामेश्वर की पत्नी को लेकर जाता था। तीन माह पूर्व इसका पता रामेश्वर को लग गया। उसने दोस्ती का हवाला देकर पत्नी से दूर रहने की सलाह दी। इस पर महेन्द्र ने रामेश्वर को धमकी दी कि वह उनके बीच में ना आए। वरना पत्नी को बदनाम करने और रामेश्वर के इकलौते पुत्र की हत्या कर देगा। इससे रामेश्वर आहत हुआ और उसने महेन्द्र को ठिकाने लगाने की साजिश रची।

आधी रात से घात लगा बैठा, सैर पर निकलते ही वारदात

पुलिस के अनुसार दोस्त होने से महेन्द्र की हर गतिविधि की रामेश्वर को जानकारी थी। 28 नवम्बर की आधी रात के बाद वह महेन्द्र के घर के पास घात लगाकर बैठ गया। सुबह की सैर पर महेन्द्र के निकलने का उसको पता था। तड़के चार बजे महेन्द्र सैर पर निकला। सड़क पर आते ही पीछे से आरोपी रामेश्वर ट्रैक्टर लेकर आया और टक्कर मार दी। महेन्द बचने के लिए भागा तो उसने पीछा कर ट्रैक्टर से कुचल दिया। उसके बाद रामेश्वर ट्रैक्टर लेकर भाग गया। घर पहुंच कर दिनचर्या में लग गया ताकि किसी को उस पर शक ना हो। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने वारदात कबूल कर ली।