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मौसमी बीमारियों का असर, घर-घर मरीज
-चौमूं उपजिला अस्पताल में वायरल के मरीजों का आउटडोर बढ़ा
चौमूं.
लंबे समय तक मानसून की बारिश के बाद पिछले एक सप्ताह से क्षेत्र में दिन का तापमान बढ़ रहा है। स्थिति यह है कि दिन में तापमान 33-34 डिग्री तक पहुंच रहा है तो रात का तापमान 19-21 तक नीचे आ रहा है। दिन में गर्म और रात को हल्की ठंड से लोग मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहे है। घर-घर में लोग मौसमी बीमारी से पीडि़त है। अस्पतालों में इस कदर हालात बदतर हो रहे है कि दवा कांउटर से लेकर ओपीडी कक्षों तक मरीजों की कतार लग रही है। चिकित्सकों की माने तो इस बार बुखार में नया पैटर्न भी दिख रहा है। सामान्य वायरल बुखार से पीडित मरीज तीन दिन में ठीक हो रहा है, लेकिन इसका असर पांच से सात दिन तक देखा जा रहा है। अधिकतर बुखार के मरीजों में रोग प्रतिरोधक क्षमता कम पाई जा रही है तो कई मरीजों में प्लेट्लेट्स भी कम हो रही है।
यहां क्षेत्र में रात को सर्दी और दिन में एकाएक तापमान के बदलाव के कारण क्षेत्र में वायरल के मरीज एकाएक बढ़ गए है। हर कोई इस वायरल की चपेट में आ रहा है। स्थिति यह है कि चौमूं उपजिला अस्पताल में ओपीडी 1200 के पार चल रही है। सुबह अस्पताल खुलने के साथ ही पर्ची काउंटर पर लंबी कतार देखने को मिल रही है। पर्ची के बाद ओपीडी कक्ष में चिकित्सक से लेकर जांच कक्ष तक मरीजों को अपनी बारी का इंतजार करना पड़ रहा है। इस बार वायरल आसानी से पीछा भी नहीं छोड़ रहा है। एक बार वायरल की चपेट में आए मरीज को ठीक होने में से दो सप्ताह तक लग रहे है।
सरकारी में डेंगू नहीं
सामान्य वायरल मौसमी बिमारियों के साथ म‘छर जनित बीमारियों के मरीज भी सामने आ रहे है। हालांकि शहर के उपजिला अस्पताल में चिकित्सक डेंगू से पीडि़त मरीज नहीं बता रहे है। जो राहत दे रही है, लेकिन निजी में जरूर डेंगू के मरीज सामने आए है।
जोड़ों में दर्द और खुजली के मरीज भी
वायरल एवं म‘छर जनित बुखार के मरीजों के साथ जोड़ों में दर्द और खुजली के मरीज भी सामने आ रहे है। चिकित्सकों का कहना है कि इस बार पूरे शरीर पर (एजर्ली)खुजली से पीडि़त मरीज देखे गए है। इसके अलावा जोड़ों में दर्द के मरीजों का भी उपचार किया जा रहा है। बुखार के बाद मरीजों में कमजोरी भी देखी जा रही है।
ब”ाों में भी बढ़ रही मौसमी बीमारी
बढ़ी मौसमी बीमारियों में छोटे ब”ो और बुजुर्ग भी पीडि़त है। उपजिला अस्पताल में पहुंचे रहे मौसमी बीमारियों के मरीजों में से तकरीब 30 से 40 ब”ो ही शामिल है। यहां अस्पताल में जहां पहले 900 से 1000 का आउटडोर चल रहा था। वह अब 1200 के पार पहुंच रहा है।
मौसमी बीमारी से बचने के लिए बरतें सावधानी
चिकित्सकों ने बताया कि दिन में तेज धूप का असर हो रहा है। इससे बचाव करें। इसके अलावा घरों के आसपास पानी का भराव नहीं होने दें। कूलर के पानी को रोजाना साफ किया जाए। बाहर के खाने से बचने के साथ ही घर का ताजा भोजन करना चाहिए। म‘छर जनित बीमारियां बढने की संभावना के बीच जागरूक होने की जरूरत है।
इनका कहना है—
दिन में तेज धूप और रात को हल्की ठंड हो रही है। इससे बचाव करने के साथ ही अपने घर के आसपास भरे गड्ढों व अन्य जगह पर जला हुआ ऑयल डालना चाहिए। ताकि म‘छर जनित रोग से बचा जा सके। इस बार एलर्जी के मरीज भी बढे है। इस बार बुखार का असर पांच से सात दिन तक देखा जा रहा है। शरीर में कमजोरी आ रही है। हालांकि अभी अस्पताल में डेंगू के मरीज सामने नहीं आए है।
डॉ. सुरेश जांगिड़, प्रभारी, उपजिला अस्पताल, चौमूं।