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खुदाई में निकला था मां गंगा का चमत्कारिक मंदिर, आज भी देवी की मूर्ति से निकलता है पानी

Tuti Jharna Temple : मां गंगा की मूर्ति के अलावा शिवलिंग की भी हुई थी प्राप्ति, भक्त मानते हैं मंदिर को चमत्कारिक भक्तों का मानना है कि मूर्ति से निकलने वाले जल के सेवन से रोग एवं कष्ट दूर होते हैं

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Soma Roy

Nov 26, 2020

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Tuti Jharna Temple

नई दिल्ली। भारत को मान्यताओं का देश कहा जाता है। यहां पत्थरों को भी भगवान का दर्जा दिया जाता है। लोगों की इसी आस्था को कई बार देश के अलग-अलग हिस्सों में होने वाले चमत्कार सही साबित करते दिखते हैं। कुछ ऐसा ही अजूबा झारखंड में मौजूद एक चमत्कारिक मंदिर में देखने को मिलता है। जिसका नाम टूटी झरना मंदिर (Tuti Jharna Temple) है। ये प्राचीन मंदिर अंग्रेजों के काल में खुदाई के दौरान जमीन से निकाली गई थी। यहां मां गंगा की एक अद्भुत मूर्ति मिली थी, जिसकी नाभि से पानी निकलता है। वहीं एक शिवलिंग भी मिला था। हैरानी की बात यह है कि देवी मां की मूर्ति से निकलने वाला जल अपने आप उनके हाथों से होता हुआ शिवलिंग पर गिरता है। जिसे प्राकृतिक अभिषेक का स्त्रोत माना जाता है।

सदियों से चली आ रही ये प्रथा आज भी जारी है। मां गंगा की मूर्ति से पहले की ही तरह जल निकलता है। मान्यता है कि ये जल कभी भी किसी मौसम में सूखता नहीं है। ये देवी मां के चमत्कार को दर्शाता है। मंदिर के इस अद्भुत चमत्कार की कथा को सुन दूर-दूर से भक्त यहां दर्शन को आते हैं और मूर्ति से निकलने वाले जल का सेवन करते हैं। भक्तों का दावा है कि ऐसा करने से उन्हें कई तरह के रोगों से छुटकारा मिलता है, साथ ही उनके कष्ट दूर होते हैं।

झारखंड के रामगढ़ जिले में स्थित इस मंदिर की खोज अंग्रेजों ने की थी। पौराणिक धर्म ग्रंथों के अनुसार सन् 1925 में अंग्रेज इस जगह पर रेलवे लाइन बिछाने का काम कर रहे थे। तभी खुदाई के दौरान उन्हें जमीन के नीचे एक गुम्बद—सी चीज दिखाई दी थी। बाद में मिट्टी को खोदने पर उन्हें पूरा मंदिर नजर आया था। मंदिर में मां गंगा की सफेद रंग की प्रतिमा भी है। मंदिर परिसर में दो नल भी बहुत चमत्कारिक है। बताया जाता है कि इससे भी हमेशा पानी निकलता रहता है। इसके लिए हैंडपंप चलाने की जरूरत नहीं पड़ती है। लोगों के मुताबिक मां गंगा भक्तों की प्यास बुझाने के लिए हैंडपंप से निरंतर बहती रहती हैं। जो भक्त इस जल का सेवन करता है उसे कष्टों से मुक्ति मिलती है।