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हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब की सेना, तेल भंडारों और नागरिक ठिकानों पर किया हमला, 73 लोग घायल

Houthis-Saudi Arabia Conflict: यमन के हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। अब हूतियों ने एक बार फिर सऊदी अरब पर हमला किया है।
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भारत

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Tanay Mishra

Sep 08, 2026

Houthis attack Saudi Arabia

हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर किया हमला (Photo - Video Screenshot from @AJEnglish)

यमन (Yemen) के हूती विद्रोहियों (Houthis) और सऊदी अरब (Saudi Arabia) के बीच हमलों का दौर शुरू होने से दोनों पक्षों में तनाव की स्थिति पैदा हो गई है और यह तनाव बढ़ता ही जा रहा है। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर हमले कर रहे हैं। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि हूतियों को ईरान (Iran) का समर्थन प्राप्त है तो वहीँ यमन की सेना को सऊदी अरब का समर्थन प्राप्त है। इसी बीच आज, मंगलवार, 8 सितंबर को हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब पर बड़े पैमाने पर हमला कर दिया है।

सेना और तेल भंडारों पर किया हमला

हूतियों ने सऊदी अरब की सेना और तेल ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे काफी नुकसान हुआ। हूतियों के हमलों में सऊदी अरब के करीब 73 नागरिक घायल हो गए। घायलों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। सऊदी अरब पर यह हूती विद्रोहियों का अब तक का सबसे बड़ा हमला है। हमले में अभा, खमिस मुशैत, जिज़ान और नजरां शहरों में कई जगहों को निशाना बनाया गया। हूती सैन्य प्रवक्ता ने दावा किया कि उनके लड़ाकों ने अरामको की तेल सुविधाओं, अभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, किंग खालिद एयरबेस और अन्य ऊर्जा इंस्टॉलेशन पर दर्जनों बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन दागे। सऊदी ऊर्जा मंत्रालय के अनुसार देश के दक्षिणी क्षेत्र की कई ऊर्जा सुविधाओं पर हमले से आग लग गई और कुछ ऑपरेशन अस्थायी रूप से बंद कर दिए गए।

विदेश मंत्रालय ने की कड़ी निंदा

सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने हूती विद्रोहियों के इस हमले की कड़ी निंदा की और अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए सभी ज़रूरी कदम उठाने और हूतियों को करारा जवाब देने का ऐलान किया। कतर, कुवैत और बहरीन ने भी सऊदी अरब पर हुए इन हमलों की निंदा की। यह हमला जुलाई में हूतियों द्वारा सऊदी अरब के खिलाफ समुद्री नाकेबंदी घोषित करने और लाल सागर में जहाजों पर हमलों के बाद तनाव बढ़ने का नतीजा है। यमन में 4 साल के युद्धविराम के टूटने के बाद दोनों पक्षों के बीच संघर्ष फिर तेज़ हो गया है। हूती इसे सऊदी अरब की कार्रवाइयों का जवाब बता रहे हैं, जबकि सऊदी अरब इसे नागरिकों पर हमला मानता है।