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ट्रंप के यू-टर्न पर ईरान का पलटवार – ‘खुद ही डेडलाइन तय करके हट जाता है पीछे’

Iran-US Conflict: ईरान पर हमला करने के फैसले पर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यू-टर्न ले लिया है। इस मामले में अब ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेज़ाई ने प्रतिक्रिया जाहिर की है।

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भारत

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Tanay Mishra

May 19, 2026

Mohsen Rezaei

Mohsen Rezaei (Photo - Times of Israel on social media)

अमेरिका (United States of America) और ईरान (Iran) के बीच सीज़फायर के दौरान भी तनाव बना हुआ है। दोनों देशों के बीच शांति समझौते के लिए एक-दूसरे की शर्तों पर सहमति नहीं बन रही है। इसी बीच अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) ने एक बड़ा खुलासा किया है। ट्रंप ने कहा है कि अमेरिकी सेना ईरान पर आज, मंगलवार, 19 मई को हमला करने की तैयारी में थी, लेकिन कतर (Qatar) के अमीर तमीम बिन हमद अल थानी (Tamim bin Hamad Al Thani), सऊदी अरब (Saudi Arabia) के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान अल सऊद (Mohammed bin Salman Al Saud) और संयुक्त अरब अमीरात - यूएई (United Arab Emirates - UAE) के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन ज़ायद अल नाहयान (Mohamed bin Zayed Al Nahyan) के कहने पर ट्रंप ने इस हमले को रोक दिया। ट्रंप के इस यू-टर्न पर अब ईरान की तरफ से प्रतिक्रिया भी सामने आ गई है।

ट्रंप के यू-टर्न पर रेज़ाई का पलटवार

ट्रंप के इस यू-टर्न पर ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसेन रेज़ाई (Mohsen Rezaei) ने पलटवार किया है। रेज़ाई ने सोशल मीडिया पर लिखा, "अमेरिका खुद ही सैन्य हमले के लिए एक डेडलाइन तय करता है और फिर खुद ही पीछे हट जाता है। ईरानी राष्ट्र और अधिकारियों को आत्मसमर्पण कराने की इस व्यर्थ आशा के साथ अमेरिका ने इस डेडलाइन को खुद ही कैंसिल कर दिया। शक्तिशाली सशस्त्र बलों और महान ईरानी राष्ट्र की 'आयरन फिस्ट' उन्हें पीछे हटने और आत्मसमर्पण करने के लिए मजबूर करेगी।"

बातचीत जारी

ट्रंप ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में आगे लिखा, "ईरान के संबंध में गंभीर बातचीत चल रही है और उनके अनुसार महान नेताओं और सहयोगियों के रूप में एक ऐसा समझौता होगा जो अमेरिका के साथ-साथ मिडिल ईस्ट और उससे अलावा दूसरे सभी देशों को स्वीकार्य होगा। इस समझौते में महत्वपूर्ण रूप से ईरान को कोई परमाणु हथियार नहीं दिए जाएंगे। उपर्युक्त नेताओं (जिनसे ट्रंप ने बात की) के प्रति अपने सम्मान के आधार पर मैंने युद्ध मंत्री (रक्षा मंत्री) पीट हेग्सेथ (Pete Hegseth), ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डेनियल केन (Daniel Caine) और अमेरिकी सेना को निर्देश दिया है कि हम कल ईरान पर निर्धारित हमला नहीं करेंगे, बल्कि उन्हें यह भी निर्देश दिया है कि अगर कोई स्वीकार्य समझौता नहीं होता है, तो वो किसी भी क्षण ईरान पर पूर्ण पैमाने पर हमला करने के लिए तैयार रहें।"