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खामनेई की मौत के बाद ईरान का उग्र रूप: जवाबी कार्रवाई में मारे तीन अमेरिकी सैनिक, पांच की हालत गंभीर

Iran Killed US Soldiers: ईरान ने जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है। ताजा रिपोर्ट की मानें तो तीन अमेर‍िकी सैनिकों की मारे जाने की खबर सामने आई है। जबकि अन्य 5 गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं।
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भारत

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Saurabh Mall

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Updated: 2 Mar 2026, 3:15 AM IST

Iran Killed US Soldiers

खामनेई की मौत के बाद ईरान ने मारे तीन अमेरिकी सैनिक (इमेज सोर्स: ANI एक्स)

Iranian Attack Response: अमेरिका-ईरान अब एक बड़े युद्ध की तरफ बढ़ रहा है। अपने सुप्रीम लीडर खामनेई को खोने के बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है। ईरान लगातार अमेरिका के सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहा है। मिडिल-ईस्ट में यूएस (अमेरिका) के जहां पर भी कमांड सेंटर है, उस पर ईरान की तरफ से बमबारी की जा रही है। यही वजह है कि इस वक्त पूरे मिडिल-ईस्ट में उथल-पुथल मचा हुआ है। लोग डरे-सहमे हैं।

इस बीच एक और बड़ी खबर सामने आई है। यूनाइटेड स्‍टेट सेंट्रल कमांड ने जानकारी देते हुए बताया कि ऑपरेशन 'एपिक फ्यूरी' के तहत चल रहे 'बड़े कॉम्बैट ऑपरेशन' में तीन अमेर‍िकी सैन‍िक मारे गए हैं। साथ ही पांच अन्‍य गंभीर रूप से घायल हैं।

बयान में आगे कहा गया, "कई अन्य लोगों को मामूली छर्रे और स‍िर में चोट आई है। उन्हें ड्यूटी पर वापस लाया जा रहा है। बड़े कॉम्बैट ऑपरेशन और हमारी जवाबी कार्रवाई जारी है।"

यूनाइटेड स्‍टेट सेंट्रल कमांड ने कहा कि स्थिति अभी भी अस्थिर है। कमांड ने कहा क‍ि हम अपने शहीद सैनिकों की पहचान सहित और जानकारी तब तक नहीं देंगे, जब तक कि उनके परिजनों को सूचित नहीं कर दिया जाता।

यह घोषणा ऑपरेशन एपिक फ्यूरी की शुरुआत के बाद अमेरिकी हताहतों की पहली पुष्टि है। अमेरिकी अधिकारियों ने इसे ईरान की सुरक्षा और सैन्य ढांचे के तत्वों को निशाना बनाने वाला अभियान बताया है।

सेंटकॉम ने ईरान के दावे का किया खंडन

सेंटकॉम (United States Central Command) ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के उस दावे को गलत बताया है, जिसमें कहा गया था कि उन्होंने अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर यूएसएस अब्राहम लिंकन (USS Abraham Lincoln) पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है।

सेंटकॉम के मुताबिक, यह दावा पूरी तरह झूठा है। मिसाइलें जहाज के पास तक भी नहीं आईं और लिंकन को कोई नुकसान नहीं हुआ।

सेंटकॉम ने आगे बताया कि अब्राहम लिंकन अभी भी अमेरिकी ऑपरेशन में खड़ा है और ईरानी शासन से आने वाले खतरों को खत्म करने के अभियान में लगातार उड़ानें भर रहा है। ऑपरेशन से जुड़े अन्य विवरण देने से सेंटकॉम ने फिलहाल इनकार कर दिया, क्योंकि संघर्ष की स्थिति लगातार बदल रही है।

इस बीच, अमेरिकी सैनिकों के हताहत होने की खबर ने वाशिंगटन में बहस तेज कर दी है। सांसद अब इस अभियान की समयसीमा, उद्देश्यों और इसके विस्तार पर स्पष्ट जवाब मांग रहे हैं। रक्षा अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान ईरान की सेना और उससे जुड़े समूहों से पैदा होने वाले सीधे खतरों को रोकने के लिए जरूरी है।

ऑपरेशन ‘एपिक फ्यूरी’ इसी हफ्ते शुरू हुआ था। इसमें अमेरिका और उसके सहयोगियों ने कई अहम ठिकानों पर हमले किए। अधिकारियों ने साफ किया कि यह सिर्फ एक बार की एयरस्ट्राइक नहीं, बल्कि एक लगातार चलने वाली बड़ी सैन्य कार्रवाई है। रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिकी हवाई हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामनेई समेत कई शीर्ष अधिकारी मारे गए हैं।