
Dinosaur
डायनासोर (Dinosaur) बड़े किस्म के मगरमच्छ थे। मगरमच्छ की तरह वे शिकार में माहिर थे, लेकिन बंदरों जितने समझदार नहीं थे। ब्रिटेन के वैज्ञानिकों के शोध में यह बात कही गई है। इस शोध के निष्कर्ष इससे पहले हुए अमरीकी वैज्ञानिकों के शोध से एकदम उलट हैं। उस शोध में कहा गया था कि थेरोपोड डायनासोर, जिसकी एक प्रजाति टी. रेक्स है, के दिमाग में बंदरों (Monkey) और बबून के दिमाग के बराबर न्यूरॉन थे। ये न्यूरॉन न सिर्फ उन्हें भीमकाय, बल्कि बुद्धिमान भी बनाते थे।
साइंस डेली की रिपोर्ट के मुताबिक ब्रिटेन की साउथेम्प्टन यूनिवर्सिटी के जीवाश्म वैज्ञानिकों के नए शोध के दौरान डायनासोर के दिमाग का परीक्षण किया। एनाटॉमिकल रिकॉर्ड जर्नल में प्रकाशित शोध में बताया गया कि डायनासोर के दिमाग का आकार जरूरत से ज्यादा बड़ा जरूर था, लेकिन सिर्फ न्यूरॉन की गिनती के आधार पर किसी प्रजाति की बुद्धिमता का आकलन विश्वसनीय नहीं है।
नए शोध में टी. रेक्स समेत अन्य डायनासोरों के दिमाग की जांच में पाया गया कि वे सरीसृपों की तरह बर्ताव करते थे। शोध के मुख्य लेखक डेरेन नाइश का कहना है कि अमरीकी शोध में न्यूरॉन की गिनती के साथ-साथ डायनासोर के दिमाग के आकार का भी ज्यादा अनुमान लगाया गया। बुद्धिमता का सही-सही अनुमान लगाने के लिए न्यूरान की गणना सही नहीं है।
शोध के मुताबिक लंबे समय से विलुप्त प्रजातियों में बुद्धिमत्ता की भविष्यवाणी के लिए न्यूरॉन को आधार बनाने से अत्यधिक भ्रामक व्याख्या हो सकती है। कई देशों के जीवाश्म वैज्ञानिक डायनासोर के दिमाग के आकार और शारीरिक रचना पर कई शोध कर चुके हैं। इनके डेटा का नए शोध में विश्लेषण किया गया।
Updated on:
01 May 2024 10:20 am
Published on:
01 May 2024 09:40 am
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