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Pakistan: भुखमरी की कगार पर खड़े पाकिस्तान में 60 साल में आया ऐसा प्रलय, तबाह हो गया ये मुल्क 

Flood in Pakistan: अप्रैल महीने में पाकिस्तान में 59.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। ये बारिश सामान्य औसत 22.5 मिलीमीटर से बेहद ज्यादा है। इसी के साथ ये 1961 के बाद से सबसे ज्यादा होने वाली बारिश में दर्ज हो गई है। यानी 60 साल में इस साल अप्रैल में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है जो अब पाकिस्तान को तबाह कर रही है।

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Pakistan received highest rainfall in April in 60 years

Pakistan received highest rainfall in April in 60 years

Flood in Pakistan: पाकिस्तान को इस बार मूसलाधार बारिश से आई बाढ़ ने तबाह कर दिया। हाल ये है कि खैबर पख्तूनख्वा और बलूचिस्तान (Balochistan) में लोग अन्न के एक-एक दाने के लिए तरस रहे हैं। क्योंकि वहां सारी फसलें चौपट हो गई हैं और भंडारण गृह भी बाढ़ से तबाह हो गए। दूसरा कारण है कि पाकिस्तान में बाढ़ के चलते खाद्यान्न और ज्यादा महंगा हो गया है, एक किलो आटे की कीमत 800 रुपए पड़ रही है। ऐसे में पाकिस्तान (Pakistan) पूरी तरह तबाही की कगार पर आकर खड़ा हो गया है।

60 साल में सबसे ज्यादा बारिश 

पाकिस्तान के मौसम विभाग ने बारिश को (Flood in Pakistan) लेकर एक रिपोर्ट जारी की है। जिसमें कहा गया है कि सिर्फ अप्रैल महीने में पाकिस्तान में 59.3 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। ये बारिश सामान्य औसत 22.5 मिलीमीटर से बेहद ज्यादा है। इसी के साथ ये 1961 के बाद से सबसे ज्यादा होने वाली बारिश में दर्ज हो गई है। यानी 60 साल में इस साल अप्रैल में सबसे ज्यादा बारिश दर्ज की गई है जो अब पाकिस्तान को तबाह कर रही है।

रहने को छत नहीं, खाने को अन्न नहीं 

बता दें कि पाकिस्तान (Flood in Pakistan) में बाढ़ से हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं। पाकिस्तान की स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक देश के बलूचिस्तान के चाघी जिले में लोग खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर हैं क्योंकि पूरे पाकिस्तान में बाढ़ से उनके घर बह गए हैं। लोगों के खेतों में पानी भर गया है और फसलें नष्ट हो गई हैं। जो परिवार भोजन और आय के लिए खेती पर निर्भर हैं, उन्हें बेहद कठिन हालातों का सामना करना पड़ रहा है।

रिपोर्ट का कहना है कि फसलों के नुकसान से आने वाले दिनों में भोजन की कमी हो सकती है। लोग कृषि पर बारिश के प्रभाव को लेकर बेहद चिंता में आ गए हैं क्योंकि चाघी के लोग अपनी आजीविका के लिए ज्यादातर कृषि पर निर्भर हैं।

बलूचिस्तान में सबसे ज्यादा तबाही 

एक रिपोर्ट में पाकिस्तान के प्रांतीय आपदा प्रबंधन ने कहा कि 12 अप्रैल से बारिश और बाढ़ की संख्या दर्ज की जा रही है। बारिश ने सूबे के 11 जिलों में कहर बरपाया है। रिपोर्ट के मुताबिक अकेले बलूचिस्तान में 220 घर क्षतिग्रस्त हो गए, जिनमें से 60 पूरी तरह से नष्ट हो गए और 160 आंशिक रूप से प्रभावित हुए। वहीं पूरे पाकिस्तान की बात करें तो लगभग 70 लोगों की मौत हो चुकी है और 2700 घर तबाह हो गए हैं।