
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मेलोनी। (फोटो: ANI)
PM Modi Giorgia Meloni: अंतरराष्ट्रीय राजनीति में अक्सर गंभीर चेहरे और औपचारिक हाथ मिलाने की तस्वीरें ही सुर्खियां बनती हैं, लेकिन जब भारत और इटली के राष्ट्राध्यक्ष मिले, तो माहौल पूरी तरह 'चॉकलेटी' हो गया। अपने विदेशी दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी को एक ऐसा अनोखा तोहफा दिया, जिसकी कल्पना शायद किसी ने नहीं की थी। पीएम नरेंद्र मोदी ने कूटनीतिक बैठकों से इतर मेलोनी को भारत की सबसे पसंदीदा और पुरानी टॉफी का एक पैकेट भेंट किया। दोनों नेताओं का यह दोस्ताना अंदाज सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गया है।
इस दिलचस्प मुलाकात का वीडियो खुद इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर शेयर किया। वीडियो में मेलोनी बेहद खुश नजर आ रही हैं और कैमरे के सामने टॉफी का पैकेट दिखाते हुए मुस्कुराकर कह रही हैं-'पीएम मोदी हमारे लिए गिफ्ट लाए हैं!" इसके साथ ही उन्होंने कैप्शन में लिखा- 'उपहार के लिए धन्यवाद।' वीडियो सामने आते ही गूगल सर्च और एक्स (ट्विटर) पर कंपनी और चॉकलेट के शब्द टॉप ट्रेंड्स में शामिल हो गए।
इंटरनेट पर इस वीडियो के आते ही मीम्स और पुरानी यादों की बाढ़ आ गई। लोग भारत के मशहूर विज्ञापन 'इतनी चॉकलेटी क्यों है?' को याद कर मेलोनी और मोदी की कैमिस्ट्री पर मजेदार टिप्पणियां कर रहे हैं। एक यूजर ने लिखा, 'इस कंपनी को अपने पूरे इतिहास में इससे बड़े ब्रांड एंबेसडर कभी नहीं मिल सकते।' वहीं, बिजनेस और स्टॉक मार्केट के शौकीनों ने मजाकिया अंदाज में कहा, 'अगर ये कंपनी शेयर बाजार में लिस्टेड होती, तो इस एक वीडियो के दम पर आज उसके शेयरों में अपर सर्किट लग गया होता और सेल्स आसमान छू रही होती।'
इस भारी मुनाफे और पब्लिसिटी की चर्चाओं के बीच खुद कंपनी ने इस पर आधिकारिक बयान जारी किया है। कंपनी ने वैश्विक स्तर पर भारतीय ब्रांड को इतनी बड़ी पहचान दिलाने के लिए पीएम मोदी का आभार व्यक्त किया और बताया कि उनकी टॉफी पहले से ही दुनिया के 100 से अधिक देशों में पसंद की जाती है।
दरअसल, ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, जब मोदी और मेलोनी की तस्वीरों ने इंटरनेट पर हलचल मचाई हो। सोशल मीडिया पर दोनों नेताओं के नाम को मिला कर यूजर्स ने चॉकलेट कंपनी का हैशटैग बनाया हुआ है, जो अक्सर दोनों की मुलाकातों के बाद ट्रेंड करने लगता है। कूटनीतिक जानकारों का मानना है कि प्रधानमंत्री मोदी का यह कदम इसी 'डिजिटल कूटनीति' का एक हिस्सा था, जिसने बेहद हल्के-फुल्के अंदाज में भारत के एक घरेलू उत्पाद को दुनिया के सबसे बड़े मंच पर स्थापित कर दिया।
भले ही दुनिया इस समय टॉफी और मीम्स के मजे ले रही हो, लेकिन इस मीठे तोहफे के पीछे दोनों देशों के मजबूत होते रिश्ते साफ दिखाई दे रहे हैं। टॉफी के आदान-प्रदान के बाद दोनों नेताओं के बीच कई अहम रणनीतिक मुद्दों पर गंभीर बातचीत हुई। इस बैठक में भारत और इटली के बीच रक्षा सहयोग, आधुनिक तकनीक, व्यापार और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में सुरक्षा जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर द्विपक्षीय समझौतों को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी। इस 'चॉकलेटी' शुरुआत ने दोनों देशों के रिश्तों में जमी किसी भी औपचारिक बर्फ को पिघलाने का काम किया।
Updated on:
20 May 2026 03:37 pm
Published on:
20 May 2026 03:34 pm
बड़ी खबरें
View Allविदेश
ट्रेंडिंग
