27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

गोरिल्ला वॉर की तैयारी: रूस के खिलाफ यूक्रेन के आम लोगों ने भी उठाए हथियार, देखें वीडियो

देश भर में मार्शल लॉ घोषित कर दिया गया है और मिसाइल हमलों और सीमा संघर्ष की लहर के बाद अब यूक्रेन की जनता गोरिल्ला वार की तैयारी कर रही है।

2 min read
Google source verification
Ukraine Prepares for Guerrilla War,  people took arms against Russia

Ukraine Prepares for Guerrilla War, people took arms against Russia (Picture: Reuters)

यूक्रेन पर रूस का हमला तेज होता जा रहा है ऐसे में अब यूक्रेन की जनता ने अपने देश को बचाने के लिए खुद हथियार उठाने का निर्णय लिया है। जिस रह से कीव में रूसी सैनिकों जिस तरह से आगे बढ़ रहे हैं उससे अब यूक्रेन के राष्ट्रपति की जान पर भी बन आई है। हालांकि, यूक्रेन की सेना ने अबतक हार नहीं मानी और वो लड़ रहे हैं। ऐसे में अब यूक्रेन की जनता ने भी गोरिल्ला वार लड़ने की तैयारी कर ली है। खुद यूक्रेन के राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की ने भी ऐलान किया था कि जो भी उक्रेनी हथियार चाहता है उसे हथियार दिया जाएगा।

यूक्रेन की जनता का कहना है कि यदि रूसी सेना उनके पास आती है तो वो चुप नहीं बैठेंगे। यहाँ के लोगों का कहना है कि ये उनका शहर है और अगर खतरा बढ़ता है तो शहर में हर घर की खिड़की से फायरिंग होगी। भले यूक्रेन की सेना रूसी सैनिकों से लड़ने के लिए तैनात है परंतु देश की रक्षा के लिए उन्होंने भी हथियार उठा लिए हैं और देश की रक्षा के लिए तैयार हैं। स्पष्ट है यूक्रेन में गोरिल्ला वार की तैयारी हो चुकी है। यूक्रेन की जनता का कहना है कि रूस की सेना कीव और खारकीव में घुस चुकी हैं और उनके टैंक भी शहर की ओर बढ़ रहे हैं। ऐसे में देश की जनता मानसिक रूप से भी लड़ने के लिए तैयार हो गई है। यूक्रेन की जनता किस तरह से लड़ने की तैयारी कर रही इससे जुड़े वीडियो भी वायरल हो रहे हैं।

48 घंटों में जो यूक्रेन रूस के हमलों से टूटने लगा था वो अब फिर से खड़ा होने लगा है। यहाँ किसान, व्यापारी, छात्र, IT स्पेशलिस्ट तक को यूक्रेन की सरकार हथियार और नाइट विजन इक्विप्मेंट मुहैया कराएं हैं। यूक्रेन के हर शहर से विभिन्न लोग हथियार उठाया रहे हैं और प्रयास कर रहे हैं। बता दें कि गोरिल्ला वार में कोई संगठन नहीं होता है, बल्कि आम जनता छोटे-छोटे गुटों में जंग में शामिल होते हैं।