6 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अमेरिका और ईरान के बीच खत्म होगा टकराव, 14 बिंदुओं पर बनेगी सहमति: Axios की रिपोर्ट

14 Point Memorandum US Iran: शर्तों के तहत ईरान कथित तौर पर परमाणु संवर्धन में अल्पकालिक विराम के लिए सहमत होगा।

2 min read
Google source verification
US Iran Peace Deal

US Iran Peace Deal

US Iran Peace Deal: अमेरिका और ईरान के बीच संघर्ष खत्म करने और व्यापक परमाणु वार्ता के लिए एक ढांचा तैयार करने के उद्देश्य से प्रारंभिक समझौते तैयार ​किया जा रहा है। एक्सियोस की एक रिपोर्ट के अनुसार, जिसमें कई अमेरिकी अधिकारियों और वार्ता से परिचित सूत्रों का हवाला दिया गया है। इसको संघर्ष की शुरुआत के बाद से सबसे महत्वपूर्ण घटनाक्रम माना जा रहा है, हालांकि अभी तक कोई अंतिम समाधान नहीं निकला है। रिपोर्ट में बताया गया है कि 14 सूत्रीय समझौत ज्ञापन तैयार किया गया है। इसको तत्काल युद्धविराम शुरू करने और व्यापक समझौते पर पहुंचने के लिए 30 दिनों की बातचीत की अवधि शुरू करने के लिए डिज़ाइन किया गया है।

इन शर्तों के साथ होगा समझौता

इन शर्तों के तहत ईरान कथित तौर पर परमाणु संवर्धन में अल्पकालिक विराम के लिए सहमत होगा। इसके बदले में अमेरिका प्रतिबंधों को हटाने और अरबों डॉलर की ईरानी संपत्तियों को मुक्त करने की पहल करेगा। इसके अलावा, दोनों देश होर्मुज स्ट्रेट में तनाव कम करने और पारगमन संबंधी बाधाओं को दूर करने के लिए मिलकर काम करेंगे। रिपोर्ट में कहा गया है कि कई शर्तें आगे की बातचीत के परिणाम पर निर्भर हैं, जिससे पता चलता है कि आगे का रास्ता पुनः संघर्ष या अनिश्चितता की लंबी अवधि के जोखिम से भरा हुआ है।

होर्मुज स्ट्रेट में सेना कम करेगा अमेरिका

अमेरिकी अधिकारियों ने एक्सियोस को बताया कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा होर्मुज स्ट्रेट में सैन्य गतिविधियों को कम करने का हालिया निर्णय इन राजनयिक प्रयासों से प्रेरित था। इस कूटनीति का नेतृत्व अमेरिकी दूत स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुशनर कर रहे हैं, जो कथित तौर पर प्रत्यक्ष चैनलों और तीसरे पक्ष के मध्यस्थों दोनों के माध्यम से तेहरान के साथ संवाद कर रहे हैं।

12 से 15 साल के बीच हो सकता है समझौता

यदि इस ज्ञापन को औपचारिक रूप दिया जाता है, तो यह आधिकारिक तौर पर युद्ध की समाप्ति की घोषणा करेगा और तकनीकी चर्चाओं के लिए स्थान को इस्लामाबाद या जिनेवा में स्थानांतरित कर देगा। विवाद का एक मुख्य मुद्दा ईरान द्वारा यूरेनियम संवर्धन पर लगाए गए विराम की समयसीमा बनी हुई है। वाशिंगटन कथित तौर पर 20 साल तक की अवधि के लिए समझौते की वकालत कर रहा है, वहीं तेहरान ने पांच साल का सुझाव दिया है। सूत्रों के अनुसार, संभावित समझौता 12 से 15 साल के बीच हो सकता है।