28 फ़रवरी 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Attack on Iran: ईरान पर हमला शुरू होने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का आया बयान, ‘हथियार डाल दो, नहीं तो मौत…’

Attack on Iran: ईरान पर अमेरिकी हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान आया है। उन्होंने कहा कि हम ईरान को कभी भी परमाणु शक्ति संपंन्न देश नहीं बनने देंगे।

2 min read
Google source verification
Middle East tensions, US military buildup, US fighter jets deployment, US air power increase Middle East,

अमेरिका-ईरान में जंग। (Photo-IANS)

Attack on Iran: ईरान पर अमेरिका और इजरायल ने हमला कर दिया है। तेहरान, होम्स सहित कई शहरों पर 30 से अधिक मिसाइलें दागी गई। ईरान में इस्लामिक रीजिम को खत्म करने के लिए अयातुल्लाह अली खामनेई के ऑफिस और घर पर भी मिसाइल से हमला किया गया। अमेरिकी हमले के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का बयान भी सामने आया है।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर हमले के बाद कहा कि हम उनकी मिसाइल इंडस्ट्री को तबाह कर देंगे। हम उनकी नेवी को तबाह कर देंगे। ईरान कभी भी परमाणु शक्ति संपंन्न देश नहीं बन सकता है। ईरान 47 सालों से हमें निशाना बना रहा है। ट्रंप ने आगे कहा कि कुछ समय पहले, यूनाइटेड स्टेट्स मिलिट्री ने ईरान में बड़े कॉम्बैट ऑपरेशन शुरू किए। हमारा मकसद ईरानी सरकार से आने वाले खतरों को खत्म करके अमेरिकी लोगों की रक्षा करना है, जो बहुत ही सख्त, भयानक लोगों का एक खतरनाक ग्रुप है। इसकी खतरनाक गतिविधियां सीधे तौर पर यूनाइटेड स्टेट्स, हमारे सैनिकों, विदेशों में हमारे बेस और दुनिया भर में हमारे साथियों को खतरे में डालती हैं।

हमले के बाद इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद ने चली बड़ी चाल

ईरान पर मिसाइल अटैक करने के बाद इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद तेजी से एक्टिव हो गई है। उसने ईरानी जनता से विद्रोह की अपील की है। इस्लामिक रीजिम हटाने के लिए मोसाद ने कहा कि हमने टेलीग्राम पर चैनल बनाया है। मोसाद ने कहा कि हम ईरानी जनता का गौरव वापस लेकर आएंगे।

तेहरान में मौजूद कई देशों के दूतावास खाली

मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के चलते ब्रिटेन, चीन और भारत सहित कई देशों ने अपने नागरिकों और दूतावास के कर्मचारियों के लिए एडवाइजरी जारी की है। भारत, ब्रिटेन, चीन, ऑस्ट्रेलिया, पोलैंड, फिनलैंड, स्वीडन और सिंगापुर जैसे देशों ने भी अपने नागरिकों और राजनयिकों को मध्य पूर्व के कुछ हिस्से छोड़ने की सलाह दी है। ब्रिटेन ने तेहरान में स्थित अपने दूतावास को अस्थाई रूप से बंद करने का ऐलान किया है।