
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। फोटो- IANS
50 प्रतिशत टैरिफ लागू करने के बाद भी अमेरिका भारत पर दबाव बनाने में नाकाम दिख रहा है। अब जो नई बयानबाजी हो रही है, उससे साफ पता चल रहा है कि अमेरिका अब भारत के आगे झुकने को मजबूर है।
दरअसल, अमेरिकी सीनेटर लिंडसे ग्राहम ने बढ़े तनाव के बीच भारत से मदद मांगी है। उन्होंने कहा कि भारत राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को यूक्रेन युद्ध समाप्त कराने में अपने प्रभाव का इस्तेमाल करे।
ग्राहम ने कहा कि ऐसा करने से वाशिंगटन और दिल्ली के बीच संबंधों को बेहतर बनाने में मजबूती मिलेगी। उन्होंने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया।
जिसमें कहा कि मैं भारत में अपने दोस्तों से कहता रहा हूं कि भारत-अमेरिका संबंधों को बेहतर बनाने के लिए सबसे महत्वपूर्ण काम जो वे कर सकते हैं, वह है राष्ट्रपति ट्रंप को यूक्रेन में हो रहे खूनखराबे को खत्म करने में मदद करना।
उन्होंने आगे लिखा कि भारत रूस से सस्ते तेल का दूसरा सबसे बड़ा खरीदार है, जिससे पुतिन को युद्ध में आर्थिक मदद मिलती है।
ग्राहम ने कहा कि मुझे उम्मीद है कि प्रधानमंत्री मोदी ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ हालिया फोन कॉल में यूक्रेन में इस युद्ध को न्यायसंगत, सम्मानजनक और हमेशा के लिए समाप्त करने की आवश्यकता पर जोर दिया होगा।
ग्राहम ने आगे कहा कि मेरा हमेशा से मानना रहा है कि भारत इस मामले को प्रभावित कर सकता है। ग्राहम राष्ट्रपति पुतिन के साथ फोन पर हुई बातचीत के बाद प्रधानमंत्री मोदी के एक्स पर पोस्ट का जवाब दे रहे थे।
पीएम मोदी ने कहा था कि मेरे मित्र राष्ट्रपति पुतिन के साथ उनकी बहुत अच्छी और विस्तृत बातचीत हुई। शुक्रवार को फोन पर हुई बातचीत के दौरान, पुतिन ने मोदी को यूक्रेन से जुड़े ताजा घटनाक्रमों से अवगत कराया। मोदी ने पुतिन को इस साल के अंत में 23वें भारत-रूस वार्षिक शिखर सम्मेलन के लिए भारत आमंत्रित किया है।
Updated on:
10 Aug 2025, 8:55 AM IST
Published on:
10 Aug 2025, 8:54 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.