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बारिश से किसान जहां खुश, वहीं ये क्यों हुए परेशान

शनिवार को तेज मूसलधार बारिश से शहर तरबतर हो गया। दोपहर बाद आरंभ हुई बारिश ने शहरवासियों को खुश कर दिया।

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शनिवार को तेज मूसलधार बारिश से शहर तरबतर हो गया। दोपहर बाद आरंभ हुई बारिश ने शहरवासियों को खुश कर दिया।

आगर-मालवा. शनिवार को तेज मूसलधार बारिश से शहर तरबतर हो गया। दोपहर बाद आरंभ हुई बारिश ने शहरवासियों को खुश कर दिया। तेज बारिश से एक ओर जहां लोगों को उमस से राहत मिली वहीं कई लोगों के लिए बारिश परेशानी का सबब भी बनी। बारिश के चलते शहर की कई सड़कें पानी से डबरा गईं। छावनी नाके पर एक बार फिर तालाब जैसी स्थिति निर्मित हो गई। दुकानों में पानी घुसने से व्यापारियों को परेशान होते हुए भी देखा गया। कई निचले स्थानों पर पानी भरा गया। वहीं कहीं जगहों पर सड़कें भी पानी से तालाबनुमा बन गई।
नाला हुआ जाम
शनिवार को झमाझम हुई बारिश से पुरानी कृषि उपज मंडी के द्वार के सामने स्थित नाला जाम हो जाने के कारण बारिश का पानी पुरानी मंडी परिसर में जा घुसा। इसी प्रकार छावनी स्थित अंबेडकर काम्प्लेक्स में पानी ढबरा जाने से तलाई जैसी स्थिति बन गई जिससे आने-जाने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
327.9 मिमी औसत वर्ष दर्ज
जिले में गत दिवस 17.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई जिसमें आगर में 2 मिमी, बड़ौद में 41 मिमी, सुसनेर में 28.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई। जिले में इस वर्ष 327.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई जिसमें सुसनेर में सबसे अधिक 341.4 मिमी तथा सबसे नलखेड़ा में सबसे कम 312.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई। इसके अतिरिक्त आगर में 336 मिमी तथा बड़ौद में 322 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
सुसनेर. शनिवार को दिनभर बारिश होती रही। कभी रिमझिम तो कभी झमाझम। इससे लोगों के चेहरे पर मुस्कान ला दी। बारिश से कंठाल नदी पर बनी बामनियाखेड़ी ग्राम को जोडऩे वाली पुल के ऊपर से पानी बह निकला। इसके चलते ग्राम के लोग नदी को पार करके नगर में नहीं आ सके। इस दरमियान पुल के दोनो किनों पर नदी के बहाव को देखने वालों का जमावड़ा लगा रहा। क्षेत्र में पिछले वर्ष अभी तक हुई बारिश के मुकाबले दोगुनी बारिश हो चुकी है। अब लोगों को उम्मीद है कि इस बार अच्छी बारिश से जलसंकट नहीं भोगना होगा। शनिवार को हुई बारिश से क्षेत्र के नदी-नालों में पानी बह निकला। कंठाल नदी पर बामनियाखेड़ी पुल के ऊपर से पानी बह निकला। तो वही महूड़ी दरवाजा क्षेत्र में निर्माणाधीन पुूल के नीचे घुटने तक पानी होने के बाद भी लोग जान झोखिम में डालकर बरसते पानी में हाथों में छाता थामे आवागमन करते रहे।
कानड़. शनिवार को दोपहर से रिमझिम जो समाचार लिखे जाने तक जारी थी। नगर में तेज बारिश को आम लोगों को इंतजार है। अंचल के कुएं-बावड़ी अभी तक तेज बारिश नहीं होने से खाली पड़े हुए। शनिवार दोपहर से हुई रिमझिम बारिश से अंचल के किसानों को फायदा है। किसानों ने बताया रिमझिम बारिश से सोयाबीन की फसल को फायदा होगा। इल्ली मार दवाई के छिड़काव से पर्याप्त लाभ फसल को मिलेगा। शनिवार को ग्राम पंचायत चांदनगांव में गांव में जाने वाले नाले की पुलिया पर पानी आ गया। पुलिया के पाइपों में पानी में बहकर आई लकड़ी व अन्य चीजें फंस गई। इससे निकासी नहीं हो रही थी। ऐसे में ग्रामीणों ने जेसीबी अन्य सामान निकाला।