
सांकेतिक तस्वीर फोटो जेनरेट AI
आगरा में गुरुवार शाम एक दर्दनाक हादसे ने पूरे गांव को झकझोर दिया। नाना के घर आई 4 साल की मासूम खेलते समय अचानक 70 फीट गहरे कुएं में गिर गई। बच्ची को बचाने के लिए पुलिस, प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीम कई घंटों तक जुटी रही। लेकिन जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी के कारण रेस्क्यू मुश्किल हो गया। करीब चार घंटे बाद बच्ची को बाहर निकाला गया। मगर तब तक बहुत देर हो चुकी थी। बेटी की मौत के बाद पिता का दर्द और गुस्सा देखकर मौके पर मौजूद लोगों की आंखें भर आईं।
फिरोजाबाद जिले के सिरसागंज थाना क्षेत्र के रहने वाले सौरभ की 4 साल की बेटी बिट्टू इन दिनों आगरा के जैतपुर इलाके के गोपालपुरा गांव में अपने नाना के घर आई हुई थी। गुरुवार शाम वह घर के पास खेल रही थी। इसी दौरान अचानक उसका पैर फिसला और वह पास बने पुराने गहरे कुएं में जा गिरी। बच्ची के गिरते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। गांव के लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी।
कुछ ही देर में पुलिस, प्रशासन और फायर ब्रिगेड की टीम गांव पहुंच गई। लेकिन कुएं के अंदर जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी होने की वजह से रेस्क्यू शुरू करने में काफी परेशानी हुई। हालात इतने खराब थे कि बिना सुरक्षा उपकरणों के कुएं में उतरना संभव नहीं था। बाद में फायर ब्रिगेड का एक जवान ऑक्सीजन सिलेंडर और सुरक्षा किट के साथ कुएं में उतरा।
करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद बच्ची को कुएं से बाहर निकाला गया। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया। लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मासूम की मौत की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। घटना के बाद पिता सौरभ का दर्द गुस्से में बदल गया। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से नाराजगी जताते हुए कहा कि अगर समय रहते रेस्क्यू तेज होता तो उनकी बेटी की जान बच सकती थी। पिता बार-बार रोते हुए सिर्फ यही कहते रहे। “मेरी बेटी मुझे वापस ला दो।” उनकी चीख सुन वहां मौजूद कई लोगों की आंखें नम हो गईं।
Updated on:
29 May 2026, 10:50 AM IST
Published on:
29 May 2026, 10:37 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.