3 नवंबर 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

आगरा में ‘करोड़पति यादवजी’ की तलाश

एक करोड़ के पुराने नोट को बदलने के लिए आगरा के यादव नाम के व्यक्ति ने भेजा था नेपाल
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

आगरा

•

image

Abhishek Saxena

•

Updated: 6 Jun 2018, 10:20 AM IST

rs 500

500 and 1000

आगरा। नवंबर 2016 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काला धन खत्म करने के लिए नोटबंदी लागू की थी, जिसमें पांच सौ और हजार रुपये के नोट को चलन से बाहर कर दिया था। इन्हें बदलने के लिए कुछ समय दिया गया था। इस नोटबंदी के दौरान अनुमान लगाया जा रहा था कि कालाधन पकड़ा जाएगा लेकिन, ऐसा नहीं हो सका। पांच सौ और हजार के नोट अब प्रतिबंधित मुद्रा की श्रेणी में हैं। नेपाल में हालांकि अभी भी ये नोट बदले जा रहे है। ऐसे में कालाधन रखने वाले अब नेपाल में करेंसी चेंज कराने की जुगत भिड़ा रहे हैं।

यादव नाम के व्यक्ति ने दिए थे एक करोड़
गौरतलब है कि नेपाल में पुराने नोट बदले जाने की कवायद चल रही है। इस बीच काले धन को सफेद करने वाला रैकेट सक्रिय हो गया है। बीते दिवस गाजियाबाद में पुलिस ने दस लोगों को एक करोड़ के पुराने नोटों के साथ पकड़ा। दो कारों में एक करोड़ के पुराने नोट नेपाल में नई करेंसी बदलने के लिए भेजे जा रहे थे। बताया गया कि ये पुराने नोट आगरा के यादव नाम के व्यक्ति ने दिए। अरुण गुप्ता के अनुसार आगरा के यादव नाम के व्यक्ति से उसकी मुलाकात ग्रेटर नोएडा के अनिल दीक्षित ने कराई थी। आगरा के यादव नाम के व्यक्ति की तलाश में पुलिस जुट गई है। पुलिस आगरा के साथ मथुरा जनपद में भी ऐसे लोगों की तलाश कर रही है, जो पुराने नोट नेपाल में भेजने का काम कर सकते हैं।

दस प्रतिशत के कमीशन पर बदले जा रहे नोट
नेपाल में भारतीय करेंसी को बदलने के लिए सक्रिय रैकेट को पकड़ने के लिए एलआईयू सक्रिय हो गई है। आगरा में कई ठिकानों पर गुप्त रूप से निगरानी रखी जा रही है। वहीं नेपाल से आकर आगरा में काम करने वालों पर भी नजर रखी जा रही है।

बड़ी खबरें

View All

आगरा

उत्तर प्रदेश