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तो सपा का सदस्यता अभियान खाना​पूर्ति था, अब उठे सवाल

चुनाव से पहले सदस्यता अभियान चलाने के बाद भी नहीं मिल सका पार्टी को फायदा

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आगरा

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Abhishek Saxena

Dec 09, 2017

samajwadi party akhilesh yadav

आगरा। समाजवादी पार्टी को पिछले तीन चुनावों में करारी हार मिली है। लोकसभा, विधानसभा चुनाव और इसके बाद नगर निकाय चुनाव। अब पार्टी ने इस हार के बाद समीक्षा करना शुरू कर दिया है। पार्टी ने सदस्यता अभियान चलाया था, जिसका लाभ इस चुनाव में पार्टी को नहीं मिल सका। ऐसा हाईकमान का भी मानना है। आगरा में समाजवादी पार्टी के सदस्यता अभियान पर प्रदेश अध्यक्ष ने भी सवालिया निशान उठाए हैं। प्रदेश अध्यक्ष ने निर्देश जारी किए हैं कि सदस्यता अभियान के बाद भी पार्टी को करारी शिकस्त मिली है। समाजवादी पार्टी का मानना है कि चुनाव में इसका कोई लाभ नहीं मिला, ऐसे में माना जाता है कि इस अभियान में बड़ी गड़बड़ हुई है।

हाईकमान ने दिए निर्देश, दूर हो गड़बड़
आगरा में जिलाध्यक्ष रामसहाय यादव को प्रदेश अध्यक्ष ने दिशा निर्देश दिए हैं कि समाजवादी पार्टी बूथ पर बेहद मजबूत होना चाहती है। जिस तरह नगर निकाय चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी सदस्यता अभियान चलाया अभियान के बावजूद समाजवादी पार्टी को चुनाव में इसका कोई लाभ नहीं मिला। समाजवादी पार्टी का मानना है सदस्यता अभियान में बड़ी गड़बड़ हुई है। समाजवादी पार्टी इस बड़ी गड़बड़ी को जानना चाहती है। जिला मीडिया प्रभारी सौरभ गुप्ता ने बताया कि पार्टी अब हर छोटी छोटी चूक पर नजर बनाए हुए है। पार्टी हाईकमान द्वारा निर्देश मिले है, जिस पर काम किया जा रहा है। चुनाव में कहां कहां पर चूक हुई है। इस पर भी बैठक कर विचार विमर्श किया जा रहा है। पार्टी जिलाध्यक्ष ने बैठक बुलाकर सभी पदाधिकारियों से हार की समीक्षा शुरू कर दी है।


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अभियान पर उठे थे सवालिया निशान
आगरा में समाजवादी पार्टी द्वारा चलाए गए सदस्यता अभियान पर सवालिया निशान उठे थे। स्थानीय निकाय चुनाव में कई ऐसे लोगों को पार्षद पद की टिकट थमा दी गई थी, जो सक्रिय सदस्य नहीं थे। पार्टी द्वारा पार्षद बनाए जाने पर उनकी सक्रिय सदस्यता दिखाई गई, इससे पहले सक्रिय सदस्य होने का प्रमाण पेश नहीं कर सके थे। पार्षद के चुनाव में एक महिला पार्षद प्रत्याशी को दिया गया टिकट विवादों में रहा था। हालांकि ये महिला पार्षद चुनाव हार गई थीं।