
शामलाजी. जैन श्वेताम्बर तेरापंथ धर्मसंघ के आचार्य महाश्रमण मंगलवार को अरवल्ली जिले में साठंबा से 7 किलोमीटर का विहार कर सेवला गांव पहुंचे।
श्री सवेला ग्रुप प्राथमिक शाला में प्रवचन में आचार्य ने कहा कि गुरुओं की आज्ञा में वर्तन करने वाला मोक्ष प्राप्त कर सकता है। आध्यात्मिक साहित्य में मोक्ष का उल्लेख हुआ है। मोक्ष एक दार्शनिक विषय भी है। जीव कैसे जन्म-मरण के चक्र से मुक्त होकर मोक्ष की स्थिति, परम आनंद की स्थिति को प्राप्त कर सकता है? मोक्ष प्राप्त कर लेना तो सर्वोपरि उपलब्धि हो जाती है।
उन्होंने कहा कि प्रश्न होता है कि मोक्ष की प्राप्ति कैसे हो? एक जगह समाधान प्रदान किया गया कि जो गुरुओं के निर्देश में वर्तन करता हो, विनय, अनुशासनबद्धता से युक्त हो, उसे मोक्ष की प्राप्ति भी हो सकती है।
आचार्य ने चतुर्दशी तिथि होने के कारण हाजरी के क्रम को संपादित करते हुए तेरापंथ के तेरह नियमों का वर्णन कर उनके प्रति जागरूक रहने की प्रेरणा दी। साथ ही संगठन की मर्यादाओं के संदर्भ में भी प्रेरणा दी। आचार्य की अनुज्ञा से मुनि संयमकुमार ने लेखपत्र का उच्चारण किया।
Updated on:
10 Jun 2025 10:16 pm
Published on:
10 Jun 2025 10:16 pm
