
पाटण के महेमदपुर गांव में मॉडल फार्म का दौरा करते राज्यपाल।
पाटण. जिले के महेमदपुर गांव में राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा कि धरती को जीवंत रखना है तो प्राकृतिक खेती की ओर मुड़ना होगा। उन्होंने विद्यार्थियों और योग साधकों को योगाभ्यास कराया तथा प्रगतिशील किसानों द्वारा विकसित किए गए रामु मॉडल फार्म का दौरा कर प्राकृतिक खेती की विभिन्न पद्धतियों का प्रत्यक्ष निरीक्षण किया।
महेमदपुर गांव में विशेष योग शिविर में राज्यपाल ने नौकासन, भुजंगासन तथा विभिन्न प्राणायाम का मार्गदर्शन दिया। उन्होंने बच्चों से प्रतिदिन सुबह उठकर बड़ों को प्रणाम करने की आदत डालने की अपील की। उन्होंने कहा कि गलती निःसंकोच माता-पिता या शिक्षकों के सामने स्वीकार करने से बड़े लोग अपने अनुभव के आधार पर सही मार्ग दिखाएंगे। उन्होंने युवाओं से आजीवन धूम्रपान तंबाकू अथवा किसी भी प्रकार के दूषण या व्यसन से दूर रहने की अपील की।
इसके बाद राज्यपाल ने रामु मॉडल फार्म में अमल में लाई गई मिश्रित फसल पद्धति के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की। प्रगतिशील किसान कांतिभाई पटेल और प्रमोद पटेल द्वारा 03 बीघा क्षेत्र में विकसित किए गए इस फार्म में पिछले 7 वर्षों से प्राकृतिक खेती की जा रही है। फार्म में आंवला, चीकू, अमरूद और गन्ने सहित विभिन्न फसलों और दलहनों की खेती की जा रही है।
उन्होंने कहा कि गुजरात में आज 9 लाख से अधिक किसानों ने प्राकृतिक खेती अपनाई है। राज्यपाल ने पाटण में प्राकृतिक कृषि परिसंवाद को संबोधित किया। एपीएमसी में प्राकृतिक कृषि उपज बिक्री केंद्र का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि किसान प्राकृतिक खेती को केवल अपने खेत तक सीमित न रखें, बल्कि इसे पूरे समाज के स्वास्थ्य से जुड़ी जनचेतना की मुहिम बनाएं। जिला कलक्टर डॉ. प्रशांत जीलोवा ने कहा कि वर्तमान में 25 हजार से अधिक किसान 35,500 एकड़ से अधिक भूमि में प्राकृतिक खेती कर रहे हैं।
राज्यपाल ने बुधवार को महेमदपुर गांव में अनुसूचित जाति परिवार के श्रमिक अमरत राठौड़ के निवास पर पहुंचकर उनके परिवार के साथ शाम का सात्विक भोजन कर सामाजिक समरसता और आत्मीय लोकसंपर्क का संदेश दिया। उन्होंने परिवार के बच्चों के साथ संवाद किया। राज्यपाल की उपस्थिति में रात्रि सभा का आयोजन भी किया गया।
Updated on:
10 Sept 2026 09:37 pm
Published on:
10 Sept 2026 09:37 pm
