5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

चिकित्सक निभा रहे थे वार्ड में ड्यूटी और आउटडोर में भटकते रहे रोगी

ब्यावर के अमृतकौर चिकित्सालय में समय पूरा होने पर बिना इलाज वापस लौटे
less than 1 minute read
Google source verification
and Patients wandering in the outdoor

चिकित्सक निभा रहे थे वार्ड में ड्यूटी और आउटडोर में भटकते रहे रोगी

ब्यावर (अजमेर).

आउटडोर में मरीज चिकित्सक का कक्ष के बाहर इंतजार करते रहे और चिकित्सक वार्ड में मरीजों की देखभाल में लगे रहे। जब आउटडोर का समय हो गया तो परेशान मरीजों को वापस लौटना पड़ा। कुछ ऐसा ही हाल रहा अमृतकौर चिकित्सालय में शनिवार सुबह। यहां शहर सहित आस-पास के ग्रामीण क्षेत्र के मरीज आते हैं और सुबह से ही विशेषज्ञ को दिखाने के लिए 32 नम्बर कक्ष में पहुंच गए, वहां कोई मौजूद नहीं था।

सुबह साढ़े आठ बजे से मरीज यहां कक्ष के बाहर कतार में खड़े हो गए, बाद में मरीज आते रहे और कुछ देर इंतजार के बाद जाते भी रहे। जब १२ बजे तक भी कोई चिकित्सक नहीं आया तो वे जाने लगे। इसी बीच डॉ. प्रमोद सक्सेना व संजय शर्मा भी आ गए। चिकित्सक सक्सेना ने मरीजों को बताया कि वार्ड में गम्भीर मरीज थे और उनका इलाज भी जरूरी था।

यहां 22 नम्बर में भी चिकित्सक बैठे हैं और वहां दिखाना चाहिए था। अब 29 नम्बर में चिकित्सक आएंगे और उनको दिखाना। इस पर मरीज गढ़ी थोरियान हाउसिंग बोर्ड निवासी महेन्द्रसिंह, रायपुर से आए राधेश्याम आदि ने बताया कि वे सुबह से यहां चिकित्सकों को इंतजार करते रहे, लेकिन किसी ने नहीं बताया कि चिकित्सक वार्ड में हैं और आएंगे नहीं। ऐसे में परेशान हुए।

इस सम्बन्ध में वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. संजय शर्मा ने बताया कि सुबह 8 बजे से 10 बजे तक बैठते हैं। आज तीन मरीजों के फैफड़ों व एक मरीज का पेट से पानी निकाला। वार्ड में व्यस्त रहे। फिर भी मरीजों को परेशानी नहीं हो, इसके लिए जो वहां आए, उनको देखा।