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Challenge: आनंदपाल और लॉरेंस के बाद अब जगन गुर्जर का डेरा, यहां हो चुके हैं ये खेल

जेल की सुरक्षा व्यवस्था बेहद मजबूत है। इसके बावजूद जेल में मोबाइल और अन्य सामान का पहुंचना गंभीर है।

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high security jail

high security jail

रक्तिम तिवारी/अजमेर.

कुख्तात और हार्डकोर अपराधियों के लिए बनाई गई हाई सिक्योरिटी जेल (high security jail) में डकैत जगन (dacoit jagan) को शिफ्ट किया गया है। जगन के खिलाफ धौलपुर जेल में गैंग बनाने और मारपीट के आरोप हैं। लेकिन खुद हाई सिक्योरिटी जेल भी मोबाइल (mobile) और सिम (sim) मिलने, कैदियों की भूख हड़ताल के मामले में चर्चित रही है।

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प्रदेश के कुख्तात और हार्डकोर अपराधियों के लिए अजमेर में जयपुर रोड-घूघरा पर हाई सिक्योरिटी जेल बनाई गई है। यहां कुख्यात गैंगस्टर आनंदपाल सिंह (anandpal singh), लॉरेंस विश्नाई (lawrence vishnoi), मांगीलाल सहित कई कैदी रह चुके हैं। तारीख पेशी के चलते कई हार्डकोर कैदियों को संबंधित शहर की जेल में शिफ्ट भी किया जाता है। अब यहां डकैत जगन गुर्जर को लाया गया है।

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कैदी कर चुके हैं भूख हड़ताल
हाई सिक्योरिटी जेल में कैदी भूख हड़ताल (hunger strike) भी कर चुके है। बीते साल कैदी मांगीलाल , पवन राठी, मनीष और सुनील ने जेल में सुविधाएं नहीं होने के नाम पर भूख हड़ताल की थी। इन्हें जवाहलाल नेहरू अस्पताल ले जाया गया तो उपचार के लिए मना कर दिया था।

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मजबूत किलेबंदी फिर भी पहुंच चुके मोबाइल
प्रदेश में अजमेर में सबसे मजबूत हाई सिक्योरिटी जेल (high security jail) बनाई गई है। इसमें प्रदेश के कुख्यात अपराधियों को रखा गया है। बीते साल 21 जुलाई को हाई सिक्योरिटी जेल अधीक्षक ने हाल में तलाशी अभियान चलाया था। इस दौरान जेल के ब्लॉक नंबर तीन और चार के मध्य दो मोबाइल नजर आए थे। मोबाइल पत्थर के नीचे रखे हुए थे। जेल की सुरक्षा व्यवस्था बेहद मजबूत है। इसके बावजूद जेल में मोबाइल और अन्य सामान का पहुंचना गंभीर है।

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अपराधी ज्यादा शातिर...
अजमेर सहित प्रदेश और देश के प्रमुख सेंट्रल जेल में सीसीटीवी लगे हैं। कुख्यात और हार्डकोर अपराधियों की न्यायालयों में वीडियो कॉन्फे्रंसिंग (vedio conferencing)से सुनवाई होती है। इसके बावजूद जेलों में कैद अपराधी अपना नेटवर्क चला रहे हैं। सेंट्रल जेल, हाई सिक्योरिटी जेल से दर्जनों बार मोबाइल जब्त हो चुके हैं। कई जेल में कुख्यात गैंगस्टर और अपराधी सेटेलाइट (setelite phone) फोन चलाते पकड़े गए हैं। मोबाइल से बातचीत रोकने के लिए जैमर भी लगाए गए हैं। लेकिन पुलिस और जेल प्रशासन को सीसीटीवी में यह घटनाएं नजर नहीं आती हैं।

देश की जेलों में चले ये खेल....
-जून 2019 में पंजाब के नाभा हाई सिक्योरिटी जेल में धर्मग्रंथ की बेअदबली मामले में कैदियों ने एक कैदी की हत्या कर दी।
-अक्टूबर 2106 को भोपाल सेंट्रल जेल से आठ कैदी फरार हो गए थे। पुलिस ने जेल से 15 किलोमीटर दूर आठों कैदियों का एनकाउंटर किया
-दिसंबर 2018 में यूपी की देवरिया जेल में कैद माफिया अतीक अहमद पर रियल एस्टेट कारोबारी के अपहरण और रंगदारी वसूली का मामला सुर्खियों में रहा
-जुलाई 2019 में बिहार के जमुई, आरा, मुज्जफरपुर, जहानाबाद, सीवान और आरा जेल में छापेमारी कार्रवाई के दौरान चाकू, मोबाइल और चार्जर बरामद
-जून 2018 में औरंगाबाद जेल में पैन कैमरा, चाकू, मोबाइल, ईयर फोन, तम्बाकू, चिलम, 10 ग्राम गांजा, खैनी और नक्सली साहित्य बरामद
-अक्टूबर 2018 में मध्यप्रदेश की अशोक नगर जेल में कैदियों के पास पंखे की प्लेटें, ब्लेड, रेत भरी प्लास्टिक की बोतल और अन्य सामान मिला