7 अप्रैल 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अजमेर

Dargah Visit: अजमेर दरगाह पहुंचे फिल्म डाइरेक्टर और सितारे

रवैल जयपुर इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में भाग लेने आए हैं।

Google source verification

अजमेर.

बॉलीवुड के फिल्म निर्माता राहुल रवैल ने मंगलवार को ख्वाजा मोईनुद्दीन चिश्ती (garib nawaz dargah)की दरगाह में हाजिरी दी। उन्होंने मजार शरीफ पर मखमली चादर और फूल पेश कर दुआ मांगी। रवैल ने लव स्टोरी (love story), बेताब (betab), अर्जुन (arjun), कुछ खट्टा कुछ मीठा, अर्जुन पंडित, जीवन एक संघर्ष और अन्य फिल्म (film) बनाई है।

Read More: Accident: कार और बाइक में भिड़ंत, युवक घायल

रवैल के साथ हॉलीवुड की अभिनेत्री मरिआना बोर्गो (mariana borgo), फिल्म अभिनेत्री नमिता लाल (namita lal) भी साथ रही। खादिम सैयद फखर काजमी चिश्ती ने उन्हें जियारत कराई। रवैल जयपुर इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल (film festival) में भाग लेने आए हैं।

Read More:Birds Census: देशी-विदेशी मेहमानों पर नजरें, यूं होगी इनकी गिनती

निर्देशक रामकमल ने दी हाजिरी
फिल्म निर्देशक राम कमल मुखर्जी ने भी दरगाह (ajmer dargah) में हाजिरी दी। मुखर्जी ने बताया कि वे गरीब नवाज पर एक गीत (song on garib nawaz) तैयार करने में जुटे हैं। जल्द इसी अजमेर आकर रिलीज (relaese) करेंगे। उन्होंने बिन कुछ कहे, केक वॉक और अन्य फिल्म बनाई हैं। इसके अलावा उनकी फिल्म सीजन्स ग्रीटिंग का जल्द प्रीमियर है।

Read More: डीजीपी की रडार पर पुलिस अफसर, अब लेंगे तगड़ा एक्शन

READ MORE:

वन विभाग करेगा देशी और प्रवासी पक्षियों की गणना

वन विभाग देशी और प्रवासी पक्षियों की गणना की तैयारियों में जुट गया है। विभिन्न जलाशयों पर विभाग के कर्मचारी पक्षियों की गणना करेंगे। इसकी रिपोर्ट बनाकर मुख्यालय भेजी जाएगी।
वन विभाग प्रतिवर्ष पक्षियों की गणना करता है। इनमें देशी और प्रवासी पक्षी शामिल होते हैं। जिले में आनासागर, फायसागर, किशनगढ में गूंदोलाव झील, ब्यावर में सेलीबेरी, माना घाटी, पुष्कर में गौमुख पहाड़, अरनिया-जालिया के बीच, नारायणसिंह का कुआं, सावर-कोटा मार्ग और अन्य स्थान पर गणना की जानी है। आनासागर में सर्वाधिक परीक्षादेशी-विदेशी प्रवासी पक्षियों को आनासागर और इसके आसपास का क्षेत्र पसंद है। यहां सागर विहार कॉलोनी के निकट छोटे से हिस्से में पक्षियों की बहुत तादाद रहती है। पक्षियों को प्राकृतिक वातावरण, भोजन सहजता से उपलब्ध रहता है। इसके अलावा फायसागर झील में भी पक्षियों की आवक होती है।