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रेलवे का निजीकरण बर्दाश्त नहीं,अंतिम सांस तक लड़ेंगे

अजमेर में लोको कारखाना गेट पर रेल कर्मचारियों का अद्र्धनग्न प्रदर्शन, केन्द्र सरकार के खिलाफ चेतावनी सप्ताह के तहत पूरे भारत में विरोध
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रेलवे का निजीकरण बर्दाश्त नहीं,अंतिम सांस तक लड़ेंगे

अजमेर में लोको कारखाना गेट पर प्रदर्शन करते रेलवे कर्मचारी।

अजमेर. नार्थ वेस्टर्न रेलवे एम्पलाइज यूनियन ने साफ कह दिया है कि रेलवे में निजीकरण के प्रस्ताव व प्रयासों का अंतिम सांस तक विरोध किया जाएगा। केन्द्र सरकार ने अपने 100 दिवस के कार्य में इस प्रस्ताव को शामिल किया है। इसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

अजमेर में भी देशभर में यूनियन की ओर से आयोजित चेतावनी सप्ताह के तहत गुरुवार को लोको कारखाना गेट पर प्रदर्शन किया गया। इस दौरान रेलवे कर्मचारियों ने अद्र्धनग्न होकर नारे लगाए।

यूनियन के जोनल अध्यक्ष भूपेन्द्र भटनागर ने कहा कि केन्द्र सरकार अपनी उपलब्धियां बताने के लिए 100 दिन की कार्य योजना में रेलवे के निजीकरण व निगमीकरण के प्रस्ताव को अमल में लाने का प्रयास कर रही है।

यह सरकार कर्मचारी विरोधी है। पिछले तीन साल से कारखाना कर्मचारियों को सुरक्षात्मक वस्त्र उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं। वर्ष 2017 में वर्दी अलाउंस मिला था। उसकी भी रिकवरी की जा रही है।

...तो घुसने नहीं देंगे

भटनागर ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर कर्मचारियों की मांगें नहीं मानी गई तो किसी भी उच्चाधिकारी को कारखानें में घुसने नहीं दिया जाएगा। कर्मचारी हितों के लिए सभी एकजुट हैं। मण्डल मंत्री अरुण गुप्ता ने केन्द्र सरकार द्वारा जारी 100 दिन की कार्य योजना के तहत् उत्पादन इकाइयों का निजीकरण व निगमीकरण का प्रस्ताव वापस लेने, गाडिय़ों को निजी क्षेत्र में नहीं चलाने, 1 जनवरी 2004 व उसके बाद भर्ती हुए रेल कर्मचारियों को पूर्ण सामाजिक सुरक्षा देने के लिए पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग की।

इन सब मांगों को लेकर चेतावनी सप्ताह के तहत पूरे भारत में विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। उसी कड़ी में गुरुवार को अजमेर में भी प्रदर्शन किया गया है।

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64 हजार से अधिक को नौकरी का मिलेगा तोहफा

रेलवे में सहायक लोको पायलट और तकनीशियन वर्ग के ६४ हजार ३७१ अभ्यर्थियों को शीघ्र ही नियुक्ति का तोहफा मिलेगा। रेलवे भर्ती बोर्ड की ओर से पैनल तैयार करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इन अभ्यर्थियों के दस्तावेज सत्यापन का कार्य पूरा हो चुका है।

रेलवे में सहायक लोको पायलट के २७ हजार ७९५ और तकनीशियन वर्ग के ३६ हजार ५७६ पद के लिए भर्ती अधिसूचना पिछले साल जारी की गई थी। प्रारंभिक और मुख्य लिखित परीक्षा के बाद सफल उम्मीदवारों के दस्तावेज सत्यापन का कार्य भी अगस्त में पूरा कर लिया गया है।

नियुक्ति प्रक्रिया अब अंतिम चरण में

रेलवे भर्ती बोर्ड अध्यक्ष के. आर. चौधरी ने बताया कि अभ्यर्थियों का मेडिकल करने के बाद अब रेलवे भर्ती बोर्ड की ओर से नौकरी के लिए अंतिम रूप से चयनित अभ्यर्थियों का विभिन्न क्षेत्रीय रेलवे में नियुक्ति के लिए पैनल तैयार किया जा रहा है। सहायक लोको पायलट और तकनीशियन वर्ग की भर्ती के लिए नियुक्ति प्रक्रिया अब अंतिम चरण में है। बहुत जल्दी सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र मिल जाएंगे।