
low rainfall in ajmer
अजमेर.
मानसून के सुस्ती ओढ़ते ही सूरज की गर्माहट बढ़ गई है। गुरुवार को सुबह बादल दिखे लेकिन बाद में धूप-छांव का दौर चला। मौसम में हल्की गर्माहट भी महसूस हुई। अधिकतम तापमान 31.9 डिग्री रहा। पारे में करीब 3.4 डिग्री की बढ़ोतरी हो गई है।
सुबह आसमान में हल्के बादल छितराए रहे। धूप निकलने के साथ मौसम बदल गया। बारिश की उम्मीदें पूरी नहीं हुई। दोपहर बाद धूप ने गर्माहट का एहसास कराया। हवा चलने के बाद भी मामूली राहत रही। न्यूनतम तापमान 24.2 डिग्री रहा।
औसत आंकड़ा बहुत दूर
मानसून के दौरान अजमेर शहर और जिले की औसत बरसात 550 मिलीमीटर मानी गई है। मौसम विभाग के अनुसार 1 जून से अब तक करीब 293.2 और सिंचाई विभाग के अनुसार 260 मिलीमीटर बारिश हुई हुई। जबकि पिछले साल पांच सितम्बर तक यहां आंकड़ा क्रमश: 502 और 425 मिलीमीटर था। इस लिहाज से जिले में बरसात औसत आंकड़े के आसपास भी नहीं है। अब मानसून के महज 24 दिन शेष हैं। जिले के कई जलाशयों में पर्याप्त पानी नहीं है। पर्याप्त बरसात नहीं हुई तो दिक्कतें बढ़ेंगी।
स्टाफ ने छुट्टी लेकर यूं जताया विरोध
केंद्र सरकार द्वारा एससी-एसटी अत्याचार संशोधन अधिनियम-2018 के पारित करने सहित आरक्षण से जुड़े अव्यवहारिक फैसलों से सरकारी कर्मचारियों में नाराजगी है। इनके विरोध स्वरूप कर्मचारी ने आर-पार की लड़ाई के मूड में है। समता आंदोलन समिति के आह्वान पर गुरुवार को अजमेर के ज्यादातर सरकारी दफ्तरों में कामकाज ठप रहा। कर्मचारियों और अधिकारियों ने छुट्टी लेकर विरोध जताया।
महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय के कर्मचारी सामूहिक अवकाश पर रहे। उधर अन्य सरकारी विभागों में भी कर्मचारियों ने अवकाश लेने की बात कही है।एससी-एसटी अत्याचार संशोधन अधिनियम और आरक्षण को लेकर केंद्र सरकार के फैसलों से सरकारी कर्मचारियों में जबरदस्त नाराजगी है। महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय के कर्मचारियों ने बुधवार ाके ही सामूहिक अवकाश लेने के लिए पत्र पर हस्ताक्षर कर दिए थे। समता आंदोलन समिति ने इसका आह्वान किया गया। विश्वविद्यालय में करीब सौ से ज्यादा कर्मचारी अवकाश पर रहे।
Published on:
07 Sept 2018 10:45 am
