16 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Pushkar- श्रीनाथ मंदिर की तर्ज पर पुष्कर में ब्रह्मा मंदिर करेगा विशाल गोशाला का संचालन

कवायद शुरू : जिला प्रशासन मंदिर के अधीन सम्पत्तियों का रिकॉर्ड खंगालने में जुटा

2 min read
Google source verification
Pushkar,s brahma temple will have run huge gaushala

Pushkar- श्रीनाथ मंदिर की तर्ज पर पुष्कर में ब्रह्मा मंदिर करेगा विशाल गोशाला का संचालन

महावीर भट्ट. पुष्कर.

नाथद्वारा के श्रीनाथ मंदिर की तर्ज पर पुष्कर के ब्रह्मा मंदिर की ओर से विशाल गोशाला संचालन की कवायद शुरू कर दी गई है। जिला प्रशासन ने गोशाला के लिए मंदिर के अधीन व स्वामित्व की विभिन्न स्थानो पर मौजूद सम्पत्तियों का रिकॉर्ड खंगालना शुरू कर दिया है। मंदिर में चढ़ावे की आमद में लगातार बढ़ोतरी के बाद इस योजना पर मंथन किया जा रहा है।
जिला कलक्टर की अध्यक्षता में ब्रह्मा मंदिर की अस्थायी प्रबंध कमेटी का गठन होने के बाद मंदिर के दानपात्रों से चढ़ावा राशि लगातार बढ़ती जा रही है। लाखों रुपए मंदिर के नाम बैंक में जमा हो चुके हैं। प्रशासन का मानना है कि मंदिर में वर्तमान में संचालित गोशाला के लिए जगह अपर्याप्त है। पुष्कर में काफी तादाद में गोवंश सडक़ों पर घूम रहा है। पॉलीथिन खाने से उनका जीवन संकट में है साथ ही अव्यवस्था भी हो रही है। इन सभी बातों व समस्याओं को ध्यान में रखते हुए ब्रह्मा मंदिर के अधीन विशाल गोशाला संचालन पर मंथन शुरू कर दिया गया है।

रहेगा गोवंश संरक्षित
कमेटी की ओर से इस बात का पता लगाया जा रहा है कि मंदिर के स्वामित्व की जमीनें कहां-कहां पर है तथा वर्तमान में इन जमीनों पर कितने समय से, किसका कब्जा चला आ रहा है। मंदिर की जमीनों से अतिक्रमण हटाकर या समझाइश से कब्जा लेने की योजना भी बनाई जा रही है। अब तक नांद व देवनगर गांव सहित आसपास के गांवों में ब्रह्मा मंदिर के स्वामित्व की जमीनें होने की जानकारी रिकॉर्ड पर आई है। रिकॉर्ड दुरुस्तीकरण व कब्जा लेने के बाद इन जमीनों पर गोशाला संचालित करने की योजना है। प्रशासन का मानना है कि इस योजना के क्रियान्वित होने से मंदिर की आमदनी का सदुपयोग होगा साथ ही गोवंश संरक्षित रह सकेगा।

इनका कहना है

ब्रह्मा मंदिर अस्थायी प्रबंध कमेटी की सचिव व उपखंड अधिकारी देविका तोमर के अनुसार वर्तमान में पुष्कर नगरपालिका स्तर पर एक गोशाला चलाई जा रही है। इसके अलावा ब्रह्मा मंदिर में संचालित गोशाला के लिए जमीन नाकाफी है। गोवंश संरक्षण के मकसद को लेकर मंदिर की सम्पत्ति पर मंंदिर प्रबंधन स्तर पर विशाल गोशाला संचालन करने की योजना पर मंथन किया जा रहा है। इसी के तहत मंदिर के स्वामित्व की जमीनों का रिकार्ड खंगाला जा रहा है तथा प्रयास जारी है।