
smart class in colleges
अजमेर.
राज्य के सरकारी कॉलेज जल्द हाइटेक दिखेंगे विद्यार्थियों को स्मार्ट क्लास, ई-लर्निंग सॉफ्टवेयर से पढ़ाई और अन्य सुविधाएं बढ़ेंगी। कॉलेज शिक्षा निदेशाल ने सभी कॉलेज को आवश्यक संसाधन बढ़ाने को कहा है।
राज्य में करीब 200 स्नातक और स्नातकोत्तर कॉलेज हैं। 20 से 25 प्रतिशत कॉलेज को छोडकऱ अधिकांश में स्मार्ट क्लास, डिजिटल लाइब्रेरी, परिसर में सीसीटीवी कैमरा, वाई-फाई, स्मार्ट प्रयोगशाला, कम्प्यूटर, प्रोजेक्टर वाले सेमिनार कक्ष, स्वच्छ पेयजल, खेलकूद मैदान और अन्य संसाधन नहीं है। ऐसे में विद्यार्थियों को शैक्षिक एवं खेलकूद की बेहतर सुविधाएं नहीं मिल रही। इसको लेकर कॉलेज शिक्षा निदेशालय गंभीर है।
कई जगह बदहाली
प्रदेश ज्यादातर कॉलेज में विद्यार्थियों के लिए आधारभूत सुविधाएं नहीं है। अधिकांश कॉलेज में खेलकूद सुविधाओं पर ध्यान नहीं दिया जाता। कई कॉलेज में खेल मैदान, स्वीमिंग पूल, बास्केटबॉल कोर्ट टूटे पड़े हैं। स्मार्ट कक्षा बनाने को कई कॉलेज ने तवज्जो नहीं दी है।
यह जुटाने होंगे संसाधन
-संकायवार स्मार्ट कक्षा और स्मार्ट लेब
-परिसर में सीसीटीवी कैमरा-शिक्षण के लिए ई-लर्निंग सॉफ्टवेयर
-आउटडोर खेलकूद के लिए मैदान
-डिजिटल और हाइटेक पुस्तकालय
-परिसर में वाई-वाई सुविधा
प्रोफेसर-शिक्षाविदों ने आवेदन किए
महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय के स्थाई कुलपति पद के लिए शिक्षकों ने हार्ड कॉपी जमा कराई। अब कुलपति सर्च कमेटी की बैठक होगी। इसमें आवेदनों पर विचार किया जाएगा।
प्रो. विजय श्रीमाली का बीती 21 जुलाई को निधन होने के बाद से महर्षि दयानंद सरस्वती विश्वविद्यालय में स्थाई कुलपति नहीं है। बांसवाड़ा के गोविंद गुरू जनजातीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. कैलाश सोडाणी फिलहाल अतिरिक्त जिम्मेदारी संभाले हुए है। विश्वविद्यालय ने 15 सितम्बर तक कुलपति पद के लिए आवेदन मांगे थे। इसके तहत 70 वर्ष से कम उम्र, दस साल का अध्यापन और शोध और किसी प्रशासनिक संस्थान में कामकाज का अनुभव रखने वाले प्रोफेसर-शिक्षाविदों ने आवेदन किए।
अब होगी कमेटी की बैठक
कुलपति सर्च कमेटी की बैठक जल्द होगी। इसमें राजस्थान विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आर. के. कोठारी राज्य सरकार के प्रतिनिधि, यूजीसी के पूर्व अध्यक्ष प्रो. वेद प्रकाश राजभवन के प्रतिनिधि बनाए गए हैं। इसी तरह कृषि विश्वविद्यालय बीकानेर के कुलपति प्रो. बी. बी. छीपा मदस विश्वविद्यालय के प्रबंध मंडल द्वारा नामित प्रतिनिधि और प्रो. जी. सी. सक्सेना यूजीसी के प्रतिनिधि बनाए गए हैं। कमेटी आवेदनों पर विचार कर तीन या पांच नाम का पैनल बनाकर सरकार और राजभवन को सौंपेगी।
Published on:
23 Sept 2018 09:53 am
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