
सांकेतिक तस्वीर- Photo AI
पीसागंन (अजमेर)। अजमेर जिले के भांवता गांव का एक परिवार इन दिनों ऐसी त्रासदी से गुजर रहा है। जिस घर में गत 1 मई को विवाह की खुशियां मनाई जानी थीं, वहां 49 दिनों के भीतर तीन अर्थियां उठ गई। परिवार के मुखिया, मां और फिर बहन के निधन ने घर की खुशियां छीन लीं। अब इस पूरे घटनाक्रम के बीच सबसे बड़ा सवाल तीन वर्षीय मासूम कोमल की आंखों में है, जो अपनी मां को तलाश रही है।
पुलिस के अनुसार जगमालसिंह राठौड़ (34) का विवाह 1 मई को होना था। घर में तैयारियां चल रही थीं और खुशियों का माहौल था, लेकिन विवाह से महज तीन दिन पहले 28 अप्रेल को पिता रामदेव सिंह राठौड़ का निधन हो गया। परिवार सदमे में डूब गया, फिर भी तय कार्यक्रम के अनुसार विवाह संपन्न हुआ।
परिवार इस आघात से उबरने का प्रयास कर ही रहा था। इस दौरान इस परिवार में एक और दुखद घटना घट गई। 26 मई को जगमाल की मां भंवर कंवर को सांप ने डस लिया। परिजनों ने उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां पांच दिन तक उपचार के बाद 30 मई को उनका भी निधन हो गया। एक माह के भीतर माता-पिता दोनों को खो देने के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। परिवार में मातम पसर गया।
इसी बीच, जगमाल की बहन संतोष कंवर, जो पिछले तीन साल से अपनी तीन वर्षीय बेटी कोमल के साथ भाई के घर रह रही थीं, रविवार को उन्होंने भी कुएं में कूदकर जान दे दी। सूचना मिलने पर पीसांगन थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। ग्रामीणों के अनुसार इस पूरे घटनाक्रम का सबसे मार्मिक पहलू मासूम कोमल है। मां के जाने के बाद वह बार-बार अपने मामा से पूछ रही है, 'मम्मी कब आएगी?'
ग्रामीणों का कहना है कि जिस घर में कुछ सप्ताह पहले विवाह के मंगल गीत गूंज रहे थे, वहां आज सन्नाटा पसरा है। 49 दिनों में तीन अपनों को खोने वाले इस परिवार की पीड़ा ने ग्रामीणों को झकझोर कर रख दिया है। गांव में हर व्यक्ति इस दुखद घटनाक्रम से स्तब्ध है और परिवार को सांत्वना देने के लिए लगातार लोग पहुंच रहे हैं।
Updated on:
16 Jun 2026 03:30 pm
Published on:
16 Jun 2026 03:30 pm
