
पीड़ित शहबाज। फोटो: पत्रिका
अलवर। शहर के हसन खां मेवात नगर डबल फाटक के समीप से दो कारों में सवार होकर आए 8-9 बदमाश जाहरखेड़ा गांव निवासी शहबाज (21) पुत्र बम्बल खान का अपहरण कर ले गए। पुलिस ने करीब 150 किलोमीटर तक बदमाशों का पीछा किया। इससे घबराकर बदमाश शहबाज को हरियाणा में बावल में छोड़ फरार हो गए। बाद में पुलिस ने पीड़ित युवक को अलवर लाकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया।
पीड़ित शहबाज ने बताया कि वह अपने दोस्त इमरान के साथ बाइक पर सवार होकर रमजान का सामान लेने अलवर आ रहा था। रास्ते में इमरान के पास किसी का फोन आया, जिसने उन्हें बुलाया। इसी बीच हसन खां मेवात नगर डबल फाटक से ठीक पहले इमरान को उल्टी होने पर बाइक रोकनी पड़ी। तभी एक कार में सवार होकर आए कुछ लोगों ने शहबाज का मुंह बंद कर उसे जबरन कार में पटक लिया और अपहरण कर ले गए। घटना के दौरान उसका दोस्त इमरान मौके से भाग गया।
शहबाज के अनुसार अपहर्ताओं ने खुद को पुलिसकर्मी बताते हुए उस पर धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया। उसके साथ मारपीट की और उसके मोबाइल से वाट्सऐप कॉलिंग के जरिए उसके भाई अल्ली को फोन करवाकर उसे छोड़ने के बदले दो लाख रुपए की मांग की। बदमाश शहबाज को ततारपुर के पास जंगलों में ले गए। अपहरणकर्ताओं के अन्य साथी दूसरी कार में सवार थे। दोनों कारों में कुल 8-9 बदमाश थे।
एक राहगीर ने शहबाज को जबरन कार में डालकर ले जाते देखा, तो पुलिस को सूचना दी। सदर थाना पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की मदद से बदमाशों की तलाश शुरू कर दी। करीब दो घंटे बाद शहबाज के बड़े भाई अल्ली ने भी पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस ने शहबाज के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस कर बदमाशों का पीछा शुरू किया।
अपहर्ताओं ने शहबाज की सलामती के लिए उसके भाई अल्ली को तत्काल दो लाख रुपए का इंतजाम करने को कहा। अल्ली ने गांव वालों की मदद से रुपए जुटाए। इसके बाद बदमाशों ने वीडियो कॉलिंग कर रुपए दिखाने को कहा। रुपए देखकर भरोसा होने पर उन्होंने अल्ली को चांदोली के पास बुलाया और फिर फोन कर जिंदौली चौकी के पास स्थित मंदिर पर रुपए रखकर पानी पीने को कहा। इस दौरान पुलिस की भनक लगते ही बदमाश शहबाज को लेकर वहां से भाग निकले और बाद में रात करीब 1 बजे बावल में उसे छोड़कर फरार हो गए।
जानकारी के अनुसार पीड़ित शहबाज 12वीं कक्षा तक पढ़ा है। उसकी दो बेटियां हैं। उसके पिता की मौत हो चुकी है। उसका एक बड़ा भाई है। उसका दोस्त इमरान भी जाहरखेड़ा का ही रहने वाला है। ग्रामीणों के अनुसार गांव के कुछ युवा ओएलएक्स आदि के माध्यम से साइबर ठगी की वारदातों में लिप्त रहते हैं।
प्रथम दृष्टया अपहर्ताओं और पीड़ित के बीच जान-पहचान तथा लेन-देन की बात सामने आ रही है। अपहरण से पहले पीड़ित की बदमाशों से फोन पर बातचीत भी हुई थी। साथ ही इमरान की भूमिका भी संदिग्ध लग रही है। पीड़ित को सकुशल बरामद कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। बदमाशों की पहचान हो चुकी है और सभी खैरथल-तिजारा जिले के ततारपुर थाना क्षेत्र के बताए जा रहे हैं। जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है।
-विजेन्द्र चौधरी, थानाधिकारी सदर, अलवर
Published on:
08 Mar 2026 09:04 am
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