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Rajasthan: युवा संबल योजना में बड़ा फर्जीवाड़ा, 10 युवक-युवतियों ने उठाया 5.19 लाख का बेरोजगारी भत्ता, अब होगी वसूली

Rajasthan Crime: राजस्थान में मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत बेरोजगारी भत्ता लेने में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। अलवर जिले में 10 युवक-युवतियों ने फर्जी दस्तावेज और ऑनलाइन प्रोफाइल में हेरफेर कर करीब 5.19 लाख रुपए का भत्ता उठा लिया।

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अलवर

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Akshita Deora

Apr 08, 2026

Berojgaari bhatta

फोटो: AI जनरेटेड

Big Fraud In Yuva Sambal Yojana: मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत बेरोजगारी भत्ता लेने में जिले में बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। जिला रोजगार कार्यालय की जांच में खुलासा हुआ है कि 10 आशार्थियों ने गलत जानकारी, फर्जी दस्तावेज और ऑनलाइन प्रोफाइल में हेरफेर कर लाखों रुपए का भत्ता उठा लिया। अब इनसे करीब 5.19 लाख रुपए की वसूली की जाएगी।

सभी आरोपियों के खिलाफ अरावली विहार थाने में सोमवार को एफआइआर दर्ज कराई गई है। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री युवा संबल योजना के तहत इन पात्र लाभार्थियों ने वर्ष 2024 में एप्लाई किया था। योजना के तहत पुरुष अभ्यर्थियों को 4000 रुपए और महिला अभ्यर्थियों को 4500 रुपए प्रतिमाह बेरोजगारी भत्ता दिया जाता है।

जांच में खुली हेराफेरी की परतें

रोजगार सेवा निदेशालय जयपुर के निर्देश पर हुई जांच में सामने आया कि कई आवेदकों ने अपनी एसएसओ आइडी के जरिए ‘जॉब सीकर प्रोफाइल’ में बदलाव किए। जरूरी दस्तावेज हटाए गए और कुछ मामलों में नाम, पता व मोबाइल नंबर तक बदल दिए गए। रोजगार अधिकारी हरीश कुमार नैनकवाल के अनुसार अब तक 58 संदिग्धों में से 10 मामलों की पुष्टि हुई है, जबकि जांच जारी है और संख्या बढ़ने की संभावना बनी हुई है।

फर्जी पते, नोटिस लौटे बैरंग

कार्यालय की ओर से 17 मार्च, 2026 को आरोपियों के पते पर नोटिस भेजे गए, लेकिन अधिकांश मामलों में डाक विभाग ने प्राप्तकर्ता नहीं रहता या कोई व्यक्ति नहीं मिला लिखकर पत्र वापस लौटा दिए। इसके बाद विभागीय टीम जब भौतिक सत्यापन के लिए पहुंची, तो दिए गए पते फर्जी पाए गए।

बैंक जांच में सामने आई असलियत

मामले की गहराई से जांच के दौरान भारतीय स्टेट बैंक की आर्य नगर शाखा में खातों की जानकारी खंगाली गई। इसमें कई आवेदकों का वास्तविक निवास अलवर के बजाय दौसा जिले में पाया गया, जबकि कुछ के पते अलग-अलग स्थानों पर दर्ज मिले। जिला रोजगार अधिकारी तमन्ना सिंह ने सभी संबंधित दस्तावेज पुलिस को सौंप दिए हैं। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है और अन्य संदिग्धों की भी पड़ताल की जा रही है।

इनसे वसूली जाएगी राशि

धर्मेंद्र सिंह बलाई से 65 हजार 419, रमेशचंद सैनी 17 हजार 419, पिंकल कंवर 37 हजार 800, कौशल्या राजपूत 57 हजार 194, कृष्ण कुमार प्रजापत 65 हजार 419, विजयपाल सैनी 50 हजार 968, गीता सैनी 61 हजार 650, लाडो उर्फ रीना सैनी 70 हजार 650, राजेश कुमार सैनी 42 हजार 800 और दिनेश सैनी से 50 हजार रुपए की राशि वसूली जाएगी।