
Youths who trapped in Nepal (Photo- Patrika)
अंबिकापुर। नेपाल में हाल ही में भडक़ी भीषण हिंसा (Nepal violence) और अशांति के बीच सरगुजा जिले के 5 युवक वहां फंस गए हैं। पांचों पशुपतिनाथ मंदिर में दर्शन करने 3 सितंबर को गए थे। इसी बीच वहां बने तनावपूर्ण हालात में वे फंसे रहे। हालांकि उन्होंने बताया कि वे सुरक्षित हैं। अंबिकापुर में उनके परिजनों ने मंत्री राजेश अग्रवाल से बात कर उनकी सुरक्षित वापसी के लिए मदद मांगी। इस पर मंत्री ने सीएम को जानकारी दी। वहीं सीएम ने भारतीय दूतावास से बात कर उनकी सुरक्षित वापसी का मार्ग प्रशस्त किया। बताया जा रहा है कि युवक भारतीय सीमा में प्रवेश कर गए हैं। संभवत: शुक्रवार तक वे अंबिकापुर लौट आएंगे।
नेपाल में आगजनी और विरोध-प्रदर्शनों (Nepal violence) के चलते हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए हैं, जिससे वहां का जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित है। नेपाल में बाहर से आए पर्यटकों की वापसी कठिन हो गई है।
इसी बीच अंबिकापुर के सदर रोड निवासी मोहित जिंदल अपने 4 दोस्तों अनमोल अग्रवाल, अम्बर जैन, वेदप्रकाश पाण्डेय और शंभु सरदार के साथ 3 सितंबर को निजी कार से नेपाल भ्रमण पर गए थे। नेपाल में अचानक बिगड़े हालात के कारण इन युवकों की वापसी में परेशानी आने लगी।
स्थिति गंभीर (Nepal violence) होते देख मोहित जिंदल ने व्हाट्सएप के माध्यम से अपने परिजनों को नेपाल में फंसे होने की सूचना दी। युवकों के परिजनों ने तत्परता दिखाते हुए अंबिकापुर के विधायक और छत्तीसगढ़ सरकार में मंत्री राजेश अग्रवाल से संपर्क किया और पूरी स्थिति से अवगत कराया।
घटना की संवेदनशीलता को समझते हुए मंत्री राजेश अग्रवाल ने तत्काल मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को मामले की जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने विदेश मंत्रालय और भारतीय दूतावास से संपर्क कर नेपाल (Nepal violence) में फंसे युवकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने की बात रखी।
परिजनों के मुताबिक सभी युवक वर्तमान में सुरक्षित और संपर्क में हैं। बताया जा रहा है कि युवक नेपाल से निकल गए हैं। ताजा जानकारी के अनुसार वे भारत की सीमा में प्रवेश कर गए हैं।
Updated on:
11 Sept 2025 07:15 pm
Published on:
11 Sept 2025 07:12 pm
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