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अखबार में लपेटकर अब खाने का सामान बेचा तो लगेगा 2 लाख रुपए तक जुर्माना, जानें इसके पीछे की वजह

Newspaper ban for food: केंद्र सरकार के निर्देश पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग ने यहां के होटलों व अन्य दुकानों में भी शुरु की जांच, बता रहे कारण

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अखबार में लपेटकर अब खाने का सामान बेचा तो लगेगा 2 लाख रुपए तक जुर्माना, जानें इसके पीछे की वजह

Food in newspaper

अंबिकापुर. समाचार पत्रों के कागजों में अब खाद्य सामग्री बेचना (Newspaper ban for food) दुकानदारों को काफी महंगा पड़ेगा। बलरामपुर जिले के खाद्य एवं सुरक्षा अधिकारी नितेश मिश्रा ने सभी तहसीलों में ताबड़तोड कार्रवाई करते हुए केंद्र सरकार द्वारा जारी निर्देशों को बताया और कहा कि इस अधिनियम के तहत किसी भी दुकानदार को अगर अखबारी कागजों में खाद्य सामग्री बेचते पाया गया तो उसके खिलाफ 2 लाख तक का जुर्माना लगाने का प्रावधान रखा गया है।


बलरामपुर जिले के जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग के खाद्य सुरक्षा अधिकारी नितेश मिश्रा ने मंगलवार को केंद्र सरकार से प्राप्त निर्देशों के आधार पर कार्रवाई की। केंद्र सरकार द्वारा अखबार में खाद्य पदार्थों को लपेटकर बेचना स्वास्थ्य के लिए हानिकारक बताते हुए इसके खिलाफ कार्रवाई किए जाने के निर्देश दिए गए हैं।

केंद्र सरकार के निर्देश पर इस संबंध में राज्य के सभी जिले में खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा कार्रवाई व जागरूकता अभियान की शुरूआत की गई है।

इसके तहत ही नितेश कुमार मिश्रा ने अपनी टीम के साथ जिले के सभी तहसीलों में निरीक्षण करते हुए समस्त खाद्य परिसरों को उक्त प्रतिबंध के बारे में बताया कि अखबारी कागजों में प्रिटिंग के लिए जिस स्याही का उपयोग किया जाता है, वह खतरनाक केमिकल्स हंै।

इससे लोगों के स्वास्थ्य (Health) पर बुरा असर पड़ता है। इसकी स्याही (Newspaper ink) में कई नकारात्मक स्वास्थ्य प्रभावों के साथ कई बायोएक्टिव सामग्रियां हैं। इसका प्रयोग खाद्य पदार्थ परोसने में न करें, इससे कैंसर जैसी बीमारी भी हो सकती है।


काफी हानिकारक होती है स्याही
खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि अखबार छापने में उपयोग होने वाली स्याही काफी हानिकारक होती है। अखबारों में रोगजनक सूक्ष्म जीवों की उपस्थिति भी मानव स्वास्थ्य के लिए संभावित जोखिम पैदा करती है।

मिश्रा ने बताया कि खाद्य पदार्थों की पैकिंग, सेवा और भंडारण के लिए समाचार पत्रों के उपयोग को हतोत्साहित करने के लिए सभी हितधारकों के बीच जागरूकता पैदा करने के लिए व्यवस्थित अभियान शुरू करेंगे।


चलाया जा रहा जागरूकता अभियान
नितेश मिश्रा ने बताया कि इसे लेकर उनकी टीम द्वारा जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है। सभी खाद्य परिसरों को नोटिस जारी कर कागज में खाद्य पदार्थ न परोसने के निर्देश दिए जा रहे हैं।

खाद्य पदार्थ विक्रेता प्रतिबंध के बावजूद भी अखबार में खाद्य सामग्री बेचते पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत 2 लाख तक का जुर्माना भी लगाया जा सकता है। इसके साथ ही दण्डात्मक कार्रवाई भी की जाएगी।

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