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Sandeep murder case: सर्व आदिवासी समाज ने अंबिकापुर से सीतापुर तक निकाली न्याय यात्रा

Sandeep murder case: मृतक की पत्नी ने 2 दिन पूर्व ही राष्ट्रपति के नाम एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर 2 अक्टूबर को आत्मदाह करने की मांगी थी अनुमति, 18 दिन से मृत संदीप का मरच्यूरी में पड़ा है शव
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अंबिकापुर

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Ram Prawesh Vishwakarma

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Updated: 25 Sep 2024, 7:57 PM IST

Sandeep murder case

Sarva Adivasi Samaj took Nyay yatra

अंबिकापुर. Sandeep murder case: सीतापुर के ग्राम बेलजोरा निवासी संदीप का शव पिछले 18 दिनों से मरच्यूरी में पड़ा हुआ है। संदीप के मुख्य हत्यारे की गिरफ्तारी जब तक नहीं हो जाती, तब तक परिजन उसके शव का अंतिम संस्कार नहीं करने का प्रण लिया है। मुख्य आरोपी (Sandeep murder case) की गिरफ्तारी व मृतक की पत्नी को उचित मुआवजा व नौकरी की मांग को लेकर परिजन सर्व आदिवासी समाज के साथ सीतापुर में अनिश्चितकालीन धरना पर बैठें हैं। इसी बीच बुधवार को सर्व आदिवासी समाज ने अंबिकापुर कला केन्द्र मैदान से सीतापुर तक न्याय यात्रा निकाली।

कलाकेन्द्र मैदान में न्याय यात्रा के दौरान सर्व आदिवासी समाज के पदाधिकारी ने कहा कि पूरे मामले में पुलिस ने लापरवाही बरती है। घटना होने के बाद भी पुलिस मुख्य आरोपी को अब तक नहीं गिरफ्तार कर पा रही है। समाज के लोगों ने कहा कि अगर 2 अक्टूबर तक न्याय नहीं मिला तो पूरे प्रदेश में आंदोलन किया जाएगा।

वहीं समाज के लोगों ने मामले में लापरवाही का आरोप लगाते हुए कलेक्टर व एसपी को हटाने की मांग की है। वहीं 2 दिन पूर्व मृतक की पत्नी ने लचर कानून व्यवस्था व न्याय न मिलने का आरोप लगाकर अपने 2 मासूम बेटों के साथ आत्मदाह की चेतावनी दी है।

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Sandeep murder case: ये थी घटना

राजमिस्त्री दीपेश उर्फ संदीप लकड़ा की सीतापुर के ग्राम बेलजोरा निवासी ठेकेदार अभिषेक पांडेय ने अपने 5 कर्मचारियों के साथ मिलकर छड़ व सीमेंट चोरी का आरोप लगाकर 7 जून को हत्या (Sandeep murder case) कर दी थी। इसके बाद 8 जून को उसका शव मैनपाट के लुरैना बड़वापाट स्थित पानी टंकी के फाउंडेशन के नीचे दफन कर दिया था।

मृतक के परिजनों व सर्व आदिवासी समाज द्वारा पुलिस पर दबाव बनाए जाने के बाद 6 सितंबर को संदीप की लाश मिली थी। पुलिस ने घटना में शामिल 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं मुख्य आरोपी अभिषेक पांडेय अभी भी फरार है।