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2 मासूम बच्चों के साथ महिला बैठी आमरण-अनशन पर, मिल रही है धमकी

26 दिसंबर से बैठी है हड़ताल पर, एसडीएम व तहसीलदार पहुंचे थे अनशन स्थल, लिखित में आश्वासन मिलने तक हड़ताल रखेगी जारी

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Women on hunger strike

Women on hunger strike

अंबिकापुर. सरगुजा जिले के लखनपुर में एक महिला अपनी 13 सूत्रीय मांगों को लेकर आमरण-अनशन पर बैठी हुई है, लेकिन अभी तक उसकी मांगों पर कोई पहल नहीं हुई है। तीसरे दिन वह अपने 2 मासूम बच्चों के साथ अनशन पर बैठी थी। महिला जमुना पड़वार का कहना है कि मुझे व परिवार के सदस्यों को कुछ रसूखदारों द्वारा मारपीट करने की धमकी दी जा रही है, उसकी भूमि के राजस्व रिकॉर्ड में छेड़छाड़ भी की गई है।

ऊंची पहुंच रखने वाले लोग शासकीय भूमि पर काबिज हैं लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। इसी से झुब्ध होकर वो अनशन पर न्याय मिलने तक बैठी है। इधर गुरुवार को उदयपुर एसडीएम पुष्पेंद्र शर्मा व तहसीलदार मो. इरशाद खान अनशन स्थल पर पहुंचे और महिला को उसकी मांगों को लेकर उचित पहल करने का विश्वास दिलाया, लेकिन महिला ने कहा कि जब तक लिखित में आश्वासन नहीं मिल जाता वो अनशन जारी रखेगी। लेकिन लिखित में उसे कुछ भी आश्वासन नहीं मिला।


26 दिसंबर को लखनपुर निवासी जमुना पड़वार पति महेंद्र पड़वार 13 सूत्रीय मांगों को लेकर आमरण-अनशन पर बैठ गई। उसने दबंगों पर मारपीट करने की धमकी दिए जाने का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि शासन-प्रशासन द्वारा उसकी मांगों की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। महिला अपने दो मासूम बच्चों के साथ धरना स्थल पर बैठी रही। यह देखकर वहां से गुजरने वाले लोगों ने उसके प्रति सहानुभूति दिखाई।


ये है महिला की प्रमुख मांगें
महिला ने नगर के ही दो रसूखदारों के खिलाफ उच्च स्तरीय जांच समिति से जांच कराने की मांग की है। उसका कहना है कि रसूखदार द्वारा अपने बेटे को फर्जी दस्तावेजों के सहारे शिक्षा दिलाई गई है उसे रद्द किया जाए। वहीं उसे व उसके परिवार वालों को उसके द्वारा मारपीट की लगातार धमकी भी दी जा रही है। वहीं दूसरे रसूखदार पर आरोप लगाते हुए महिला ने कहा है कि उसने शासकीय जमीन पर कब्जा कर रखा है, उसे प्रशासन अपने कब्जे में ले।

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