
आगरा। माफ कीजिए सांसदजी अपनी मांग मंगवाने के लिए हम सड़कों पर हिंसा नहीं कर सकते। यदि आप लोगों के कानों तक सिर्फ हिंसा करने वालों की आवाज पहुंचती है तो हम भी 2019 के चुनावों में अपना महत्व बता देंगे। जो जनता नेता को हीरो बना सकती है वह जीरो बनाने की भी ताकत रखती है। यह बात अखिल भारतीय वैश्य एकता परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुमन्त गुप्ता ने सांसद बाबूलाल चौधरी से उनके कार्यालय के बाहर कही। वह सर्वदल समाज के साथ एससीएसटी एक्ट के विरोध में उन्हें ज्ञापन देने पहुंचे थे। भाजपा सांसद चौधरी बाबूलाल का विवादों से गहरा नाता रहा है। कुछ ऐसा ही शनिवार को भी देखने को मिला।
एससी एसटी एक्ट का विरोध कर रहे हैं सर्व समाज
एससीएसटी एक्ट के विरोध में अखिल भारतीय वैश्य एकता परिषद सर्वसमाज के साथ अभियान चला रही है। इसी के तहत परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुमन्त गुप्ता के नेतृत्व में सर्वसमाज के लोग थाना लोहामंडी से प्रदर्शन करते हुए सांसद चौधरी बाबूलाल के घेराव करने व ज्ञापन देने पहुंचे थे। लोग उनके कार्यालय के बाहर नारेबाजी करने लगे। लगभग 20 मिनट के इंतजार के बाद चौधरी बाबूलाल ज्ञापन लेने कार्यालय से बाहर आए तो लोनों ने उन्हें घेर लिया। अपनी समस्याएं बताने लगे। इस पर सांसद जी ने कहा कि कि कुछ दो अप्रैल की तरह करें। आंदोलन में धार लानी है तो भीड़ बढ़ाएं। आप न तो हमें वोट देते हैं और न ही भीड़ इकट्ठा कर पा रहे हैं। इस पर राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुमन्त गुप्ता भड़क गए। बोले माफ कीजिए सांसद जी, हम सड़कों पर दंगा नहीं कर सकते। आप लोगों के कानों तक ऐसे लोगों की ही आवाज पहुंचती है तो हम भी अपना महत्व 2019 के चुनावों में दिखा देंगे। आप लोग लोक सभा और राज्य सभा में चुपचाप इस काले कानून को पास कराते रहे। हम गांधीवादी लोग हैं। क्या हिंसा किए बिना हमारी बात नहीं सुनी जाएगी। बात बढ़ती नजर आयी तो मौजूद लोगों के हस्तक्षेप व समझदारी से मामला टल गया।
ये रहे मौजूद
इस मौके पर मुख्य रूप से परिषद के राष्ट्रीय प्रधान सचिव रवि प्रसाद अग्रवाल, राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष विनय अग्रवाल, मंडलाध्यक्ष मुरारीलाल गोयल, मुराली प्रसाद अग्रवाल, विनोद अग्रवाल, सुमन गोयल, राजपूताना यूथ ब्रिग्रेड के अध्यक्ष जितेन्द्र सिंह सिकरवार, क्षत्रीय सबा दयालबाग के मखेन्द्र सिंह, जुनैद अहमद, संजीव सिंह, राजीव चौहान, चेतन वर्मा, संजय अग्रवाल, शैलू अग्रवाल, मयंक अग्रवाल, केएम सिंघल, किशन कुमार गोयल, राकेश गुप्ता, वीरेन्द्र गुप्ता आदि मौजूद थे।