
Rajasthan Cyber Crime: बढ़ते साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के चलाए जा रहे अभियान में अजमेर के रामगंज थाना पुलिस, साइबर सेल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए गेमिंग ऐप से लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने कार्रवाई में तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से लैपटॉप, मोबाइल फोन समेत अन्य सामान बरामद किया। पड़ताल में सामने आया कि आरोपी गिरोह के सरगना से लॉगिन आईडी और पासवर्ड लेकर कई साइट के जरिए लोगों को झांसे में लेकर ठगी का शिकार बना रहे थे। पुलिस अधीक्षक हर्षवर्धन अग्रवाला ने बताया रविवार रात गश्त के दौरान रामगंज थानाप्रभारी उपनिरीक्षक अनिल गुजराल को मुखबिर से सूचना मिली कि न्यू चन्द्रनगर स्थित विनायक पथ पर किराए के मकान में गेमिंग के नाम पर गतिविधि संचालित की जा रही हैं।
सूचना पर रामगंज थाना पुलिस व साइबर सेल की संयुक्त टीम ने मकान पर दबिश दी। दबिश में पुलिस ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपियों ने साइट से लोगों के साथ धोखाधड़ी कर ठगी का राजफाश किया। पुलिस ने नागौर जिले के डेगाना निवासी रामाकिशन उर्फ प्रकाश भींचर(19), खुनखुना थाने के डॉब गांव निवासी कैलाश(22) व जायल थाना क्षेत्र के रोठू गांव निवासी गोपाल डूकिया(18) को गिरफ्तार किया। पुलिस ने उनसे एक लैपटॉप, 6 मोबाइल फोन, तीन मोबाइल चार्जर व दो एक्सटेंशन बोर्ड जब्त किए। पुलिस ने बताया कि आरोपियों से पूछताछ में गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों, ठगी के तरीकों और ऑनलाइन लेन-देन की जानकारी जुटाई जा रही है। मामले में साइबर विशेषज्ञों की मदद से डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी रामाकिशन किराए के मकान में अपने सरगना से लॉगिन आईडी और पासवर्ड के माध्यम से लैपटॉप व मोबाइल फोन का इस्तेमाल करके साइट का संचालन करता था। इसी प्लेटफॉर्म के जरिए ग्राहक को जोड़कर उनसे ऐप डाउनलोड करने के नाम पर ठगी की जाती थी।
रामगंज थाना पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सूचना एवं संचार माध्यमों का दुरुपयोग कर धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर लिया। मामले की जांच आदर्शनगर थानाप्रभारी ओमप्रकाश को सौंपी है। पुलिस अब गिरोह के सरगना, वित्तीय लेन-देन, बैंक खातों और साइबर नेटवर्क की कड़ियों की जांच कर रही है।