देश के 475 संस्थानों में वेब डिजाइन और डाटा साइंस खोलने का फैसला किया है। इनमें बड़ल्या इंजीनियरिंग कॉलेज शामिल है।
अजमेर. इंजीनियरिंग कॉलेज बड़ल्या जल्द वेब डिजाइन एवं डाटा साइंस कोर्स प्रारंभ करेगा। एआईसीटीई इसकी मंजूरी दे चुका है। बी.टेक स्तर के कोर्स के लिए सीटों की स्वीकृति मिलते ही प्रवेश प्रारंभ होंगेे।
इंजीनियरिंग कॉलेज में कंप्यूटर आईटी, मेकेनिल, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स इंस्ट्रूमेंट एन्ड कंट्रोल, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्यूनिकेशन, सिविल ब्रांच संचालित हैं। साथ ही एमसीए, एमबीए सहित ह्मूमेनिटी एंड सोशल साइंस विषय भी चल रहे हैं। एआईसीटीई ने लीडरशिप इन टीचिंग एक्सीलेंस कार्यक्रम के तहत देश के 475 संस्थानों में वेब डिजाइन और डाटा साइंस खोलने का फैसला किया है। इनमें बड़ल्या इंजीनियरिंग कॉलेज शामिल है।
दोनों कोर्स हैं रोजगारोन्मुखी
वेब डिजाइन एवं डाटा साइंस कोर्स रोजगारोन्मुखी हैं। सरकारी-निजी दफ्तरों, कॉरपॉरेट हाउस सहित बैंकिंग, बीमा और अन्य क्षेत्र की वेबसाइट डिजाइन और डाटा संग्रहण के लिए इस कोर्स की वैश्विक डिमांड है। इस कोर्स में बीएससी-एमएससी डाटा साइंस, बीसीए और एमसीए डाटा साइंस, बी.टेक और एम.टेक वेब डिजाइन डिग्री मिलती है। देश के विभिन्न आईआईटी और एनआईटी में कोर्स संचालित हैं। गेट और जेईई मेन से कोर्स में प्रवेश होते हैं।
कोर्स की मार्केट डिमांड
2022-23 तक 10 प्रतिमाह युवाओं की जरूरत
-औसतन 12 से 15 लाख का वार्षिक पैकेज
-जूनियर/सीनियर वेब डिजाइनर-डाटा साइंटिस्ट पदनाम
-50 प्रतिशत कंपनियों का कामकाज डिजाइन और डाटा आधारित
गणित विषय पर नहीं फैसला
एआईसीटीई ने वेब डिजाइन और डाटा साइंस कोर्स के लिए कॉलेज का चयन किया है। इसमें गणित की महती आवश्यकता को देखते हुए कॉलेज ने एमएससी गणित विषय शुरू करने का फैसला किया था। महर्षि दयानंद सरस्वती विवि की एकेडेमिक कौंसिल की सहमति के बावजूद विषय अटका हुआ है।
वेब डिजाइन और डाटा साइंस कोर्स में सीटों की स्वीकृति का इंतजार है। इसके बाद प्रवेश प्रक्रिया तय कर एडमिशन प्रोसेस शुरू होगा।
डॉ. रेखा मेहरा, प्राचार्य इंजीनियरिंग कॉलेज बड़ल्या