महिला के फार्म भरने की अंतिम तिथि के बाद पुनर्विवाह करने पर उसे विधवा/परित्यक्ता वर्ग का लाभ दिया जाएगा।
अजमेर.
विधवा-परित्यक्ता (widow and divorcee) वर्ग में विभिन्न भर्तियों में आवेदन को लेकर राजस्थान लोक सेवा आयोग ने शुद्धि पत्र जारी किया है। आयोग (rpsc ajmer) संबंधित आवेदनों में वांछित प्रमाण पत्र का सत्यापन भी करेगा।
सचिव के. के. शर्मा ने बताया कि आयोग ने राज्य विधि विज्ञान प्रयोगशाला (Forensic lab) में वरिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में जनसंपर्क अधिकारी (PRO), खाद्य सुरक्षा और मत्स्य विकास अधिकारी एवं सहायक मत्स्य विकास अधिकारी (fishry officer) पद के लिए आवेदन मांगे थे। इनके प्रमाण पत्रों के सत्यापन बिंदु 13 को प्रतिस्थापित किया गया है।विधवा-परित्यक्ता वर्ग में आवेदन करने वाले महिला के फार्म (form)भरने की अंतिम तिथि के बाद पुनर्विवाह (re marriage) करने पर उसे विधवा/परित्यक्ता वर्ग का लाभ दिया जाएगा।
नहीं देय होगा लाभ
इसी तरह ऑनलाइन आवेदन पत्र (online form) प्राप्ति की अंतिम तिथि के बाद/प्रत्येक चरण की परीक्षा के मूल परिणाम (main result) जारी करने से पूर्व आवेदक/आवेदिका/नि:शक्त/विधवा/परित्यक्ता होने पर उन्हें संबंधित वर्ग का लाभ लेने के लिए वर्ग परिवर्तन (class change) कराना अनिवार्य होगा। इसके बगैर उन्हें लाभ नहीं दिया जाएगा। अदालत (court case) में विचाराधीन/लंबित मामलों की स्थिति में ऐसे आवदेक को इन श्रेणियों का लाभ देय नहीं होगा।
देना होगा शपथ पत्र
शर्मा ने बताया कि विधवा/परित्यक्ता श्रेणी (category) की महिला को ऑनलाइन फार्म (online form) प्राप्ति की अंतिम तिथि तक पुनर्विवाह नहीं करने और विधवा/परित्यक्ता श्रेणी में होने का शपथ पत्र देना होगा। इसके आधार पर प्रमाण पत्रों (certificate) का सत्यापन किया जाएगा। विस्तृत सूचना आयोग की वेबसाइट से ली जा सकती है।