
Alwar Police Action on Illegal Mining: राजस्थान के अलवर जिले में अवैध खनन और बजरी के अवैध परिवहन को रोकने के लिए पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है। अलवर पुलिस अधीक्षक (SP) सुधीर चौधरी के निर्देश पर जिलेभर में अवैध खनन, निर्गमन और भंडारण के खिलाफ एक विशेष अभियान चलाया गया। इसी अभियान के तहत बुधवार को पुलिस ने रैणी थाना इलाके में माफियाओं के ठिकानों पर अचानक दबिश दी। पुलिस की इस ताबड़तोड़ और अचानक हुई कार्रवाई से खनन माफियाओं में हड़कंप मच गया और कई लोग अपनी गाड़ियां छोड़कर मौके से भाग खड़े हुए।
एसपी सुधीर चौधरी ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि इस पूरी कार्रवाई को अंजाम देने के लिए एक स्पेशल टीम का गठन किया गया था। इस टीम का नेतृत्व ट्रेनी आईपीएस (IPS) कार्तिकेय वर्मा कर रहे थे। आईपीएस कार्तिकेय वर्मा के सुपरविजन में रैणी थानाधिकारी और उनकी पुलिस टीम ने पूरी योजना के साथ रैणी थाना क्षेत्र के अलग-अलग गांवों और बजरी की अवैध खानों पर एक साथ छापेमारी की। पुलिस टीम को देखकर मौके पर भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
पुलिस ने इस छापेमारी के दौरान अवैध बजरी खनन और ढोने में इस्तेमाल हो रही भारी मात्रा में मशीनों को अपने कब्जे में ले लिया। मौके से कुल 6 जेसीबी मशीनें, 5 बड़ी पोकलेन मशीनें और 25 ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को जब्त किया गया। जब्त की गई इन सभी गाड़ियों और मशीनों को पुलिस थाने लाया गया है, जहां इनके खिलाफ आगे की कानूनी (विधिक) कार्रवाई की जा रही है। इतनी बड़ी संख्या में एक साथ गाड़ियों की जब्ती अलवर पुलिस की अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक मानी जा रही है।
कार्रवाई को पूरी तरह पुख्ता बनाने और मौके की सही पैमाइश के लिए पुलिस ने तुरंत ही खनन विभाग और राजस्व विभाग की टीमों को भी मौके पर बुला लिया। तीनों विभागों की टीमों ने मिलकर अवैध खनन क्षेत्र की जांच शुरू कर दी है, ताकि माफियाओं पर भारी जुर्माना और सख्त कानूनी शिकंजा कसा जा सके। पुलिस अधीक्षक ने साफ किया है कि जिले में किसी भी कीमत पर अवैध खनन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। रैणी इलाके के साथ-साथ जिले के अन्य संभावित स्थानों पर भी पुलिस का सर्च अभियान लगातार जारी है।