
सावन माह में भगवान शिव की पूजा के लिए गंगाजल की बढ़ती मांग को देखते हुए डाक विभाग ने आमजन के लिए विशेष सुविधा शुरू की है। अब श्रद्धालुओं को हरिद्वार या ऋषिकेश जाकर गंगाजल लाने की जरूरत नहीं होगी। डाक विभाग के माध्यम से घर के नजदीकी डाकघर से ही शुद्ध गंगाजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे श्रद्धालु आसानी से जलाभिषेक कर सकेंगे। विभाग का कहना है कि यह पहल शिव भक्तों की सुविधा के लिए की गई है, ताकि सावन के पवित्र महीने में सभी श्रद्धालुओं तक गंगाजल आसानी से पहुंच सके।
अलवर के अट्टा मंदिर पोस्ट ऑफिस के पोस्टमास्टर रतनलाल मीणा ने जानकारी दी कि सावन के दौरान शिव भक्तों की भारी मांग को देखते हुए विभाग ने जिले के सभी मुख्य डाकघरों में बोतलबंद गंगाजल की व्यवस्था की है। यह गंगाजल पूरी तरह शुद्ध है और डाकघरों के काउंटरों पर केवल ₹30 की किफायती कीमत पर बिक्री के लिए उपलब्ध कराया गया है। अब श्रद्धालुओं को पूजा-पाठ के लिए इधर-उधर भटकने की बिल्कुल जरूरत नहीं पड़ेगी।
सावन के साथ ही रक्षाबंधन का त्योहार भी बेहद करीब है। ऐसे में दूर-दराज रहने वाले भाइयों तक बहनों का प्यार यानी राखी सुरक्षित पहुंचे, इसके लिए डाक विभाग ने विशेष 'वाटरप्रूफ राखी लिफाफे' लॉन्च किए हैं। अक्सर मानसून के मौसम में बारिश की वजह से कागज के साधारण लिफाफे भीग जाते हैं, जिससे अंदर रखी राखी खराब होने का डर बना रहता है। लेकिन इन वाटरप्रूफ लिफाफों से राखियां पूरी तरह सुरक्षित रहेंगी।
त्योहारी सीजन में डाकघरों में लगने वाली लंबी लाइनों से राहत दिलाने के लिए विभाग ने विशेष बुकिंग काउंटर भी तैयार किए हैं। पोस्टमास्टर ने बताया कि अंतिम समय में पोस्ट की जाने वाली राखियों को भी बिना किसी देरी के उनके गंतव्य तक सही समय पर पहुंचाने के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों और विशेष डिलीवरी नेटवर्क का इंतजाम किया गया है।
डाक विभाग की इस पहल से न सिर्फ सावन में पूजा करने वाले शिवभक्तों को बड़ी सहूलियत मिली है, बल्कि अपनी बहनों से दूर बैठे भाइयों तक समय पर राखी पहुंचने का रास्ता भी साफ हो गया है।