अलवर सहित पूरे प्रदेश में भीषण गर्मी का सितम शुरू हो गया है। नौतपा के दूसरे दिन सूर्य देव के तीखे तेवरों ने लोगों को बेहाल कर दिया है। मौसम विभाग ने जिले में 30 मई तक भयंकर हीटवेव (लू) का अलर्ट जारी किया है, जिससे आने वाले दिनों में पारा 46 डिग्री तक पहुंच सकता है।
अलवर में जेठ के महीने की तपिश अब लोगों को झुलसाने लगी है। नौतपा की शुरुआत के साथ ही सूरज की किरणें आग उगल रही हैं। स्थिति यह है कि सुबह नौ बजते ही तेज धूप लोगों को चुभने लगती है और दोपहर होते-होते आसमान से बरसती आग और गर्म हवा के थपेड़ों ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में गर्मी के तेवर और ज्यादा कड़े होने वाले हैं। आगामी 30 मई तक जिले में तीव्र हीटवेव का दौर जारी रहेगा, जिसके चलते अधिकतम तापमान 46 डिग्री सेल्सियस के पार जाने की पूरी संभावना है।
भीषण गर्मी और लू के खौफ का असर अब अलवर के बाजारों और सड़कों पर साफ देखा जा सकता है। दोपहर होते ही शहर के मुख्य बाजारों में सन्नाटा पसर जाता है। लोग बहुत जरूरी काम होने पर ही पूरी तरह से चेहरा ढककर घरों से बाहर निकल रहे हैं। इस गर्मी और लू के खतरे को देखते हुए जिला प्रशासन भी पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गया है। आम जनता को राहत देने और सड़कों की तपिश को कम करने के लिए नगर निगम और प्रशासन की ओर से शहर के मुख्य चौराहों और व्यस्त सड़कों पर टैंकरों के जरिए पानी का छिड़काव शुरू करवा दिया गया है, ताकि हीट के असर को कम किया जा सके।
चिलचिलाती धूप और झुलसाने वाली लू के बीच एक राहत की खबर भी सामने आई है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि नौतपा के शुरुआती दिन बेहद गर्म और शुष्क रहेंगे, लेकिन इसके आखिरी तीन दिनों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। मौसम विभाग ने नौतपा के अंतिम दिनों में तेज आंधी के साथ हल्की बारिश का अलर्ट जारी किया है। अगर ऐसा होता है, तो तप रहे अलवर वासियों को इस भीषण गर्मी से थोड़ी राहत जरूर मिल सकती है।
फिलहाल, डॉक्टर्स ने इस मौसम में लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, दोपहर 12 से 4 बजे के बीच बेवजह धूप में निकलने से बचें। शरीर में पानी की कमी न होने दें और नींबू पानी, छाछ या ओआरएस का घोल पीते रहें। उल्टी, चक्कर या तेज सिरदर्द होने पर इसे हल्के में न लें और तुरंत नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें।