
राजस्थान सरकार ने अलवर जिले को विकास की एक नई सौगात दी है। जिले के बेहद महत्वपूर्ण और आस्था के केंद्र करणी माता मंदिर मार्ग के प्रताप बांध से जुड़े हिस्से के स्थायी पुनर्स्थापना कार्य (सड़क सुधार) को प्रशासनिक मंजूरी मिल गई है। सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) के मुख्य अभियंता (सड़क) ने इसके लिए बकायदा निविदा (टेंडर) स्वीकृति पत्र भी जारी कर दिया है। इसका मतलब है कि अब बहुत जल्द इस सड़क के बनने का काम धरातल पर शुरू हो जाएगा।
इस पूरे प्रोजेक्ट पर करीब 5.74 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। आपको बता दें कि करणी माता मंदिर जाने वाला यह रास्ता काफी समय से जर्जर हालत में था, जिससे यहां से गुजरने वाले लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। स्थानीय निवासी और यहां आने वाले पर्यटक लगातार इस मार्ग को ठीक करने की मांग उठा रहे थे। अब इस बजट की मंजूरी के बाद सड़क को पूरी तरह नया और मजबूत बनाया जाएगा, जिससे आने-जाने वाले लोगों को गड्ढों से हमेशा के लिए निजात मिल जाएगी।
यह मार्ग पिछले साल क्षतिग्रस्त हुआ था। इसके चलते केवल नवरात्र के दौरान ही भक्तों के लिए इसे खोला गया। इसमें भी चोपहिया वाहनों का प्रवेश बंद रखा गया। अब उम्मीद बंधी है कि मार्ग जल्द शुरू होगा और भक्त माता के दर्शनों के लिए जा सकेंगे।
इस बड़ी सौगात पर खुशी जताते हुए वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संजय शर्मा ने मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा और उप मुख्यमंत्री व PWD मंत्री दीया कुमारी का दिल से आभार जताया है। मंत्री संजय शर्मा ने कहा कि हमारी सरकार प्रदेश के विकास और लोगों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए पूरी तरह वचनबद्ध है। अलवर के विकास को सरकार प्राथमिकता दे रही है।
संजय शर्मा ने आगे कहा कि करणी माता मंदिर मार्ग अलवर की एक बेहद महत्वपूर्ण सड़क है। यहां हर दिन सैकड़ों श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए आते हैं। इस सड़क के पक्का और स्थायी रूप से बन जाने के बाद न केवल स्थानीय निवासियों को फायदा होगा, बल्कि अलवर में धार्मिक पर्यटन को भी एक नई गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री के सकारात्मक और संवेदनशील नजरिए के कारण ही यह काम इतनी जल्दी मंजूर हो पाया है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इस काम को तय समय सीमा के भीतर पूरा कर लिया जाएगा, ताकि जनता को इसका लाभ तुरंत मिल सके।