
नीमराना के रोडवाल टोल प्लाजा पर टोल वसूली को लेकर विवाद एक बार फिर चर्चा में है। रविवार रात कई गाड़ियों में सवार होकर आए अज्ञात लोगों पर टोल बूथों में तोड़फोड़ करने और कर्मचारियों से मारपीट करने का आरोप लगा है। घटना के बाद टोल प्लाजा पर अफरा-तफरी मच गई। टोल प्रबंधन की ओर से नीमराना थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर घटना में शामिल लोगों की पहचान करने के प्रयास शुरू कर दिए हैं।
टोल प्रबंधन के अनुसार, रविवार रात 5 से 6 गाड़ियों में सवार होकर कुछ लोग रोडवाल टोल प्लाजा पहुंचे। आरोप है कि यहां उन्होंने हंगामा करते हुए टोल बूथों में तोड़फोड़ की और ड्यूटी पर मौजूद कर्मचारियों के साथ मारपीट की। अचानक हुए घटनाक्रम से टोल प्लाजा पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना के बाद टोल मैनेजर ने नीमराना थाने में अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करवाई। पुलिस के अनुसार, शुरुआती जानकारी में वाहन से टोल वसूली को लेकर विवाद होने की बात सामने आई है। हालांकि, घटना के पीछे की असल वजह और आरोपियों की भूमिका की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
रोडवाल टोल प्लाजा 5 मई 2026 को शुरू हुआ था। टोल प्रबंधन और स्थानीय लोगों के अनुसार, इसके बाद से यहां विवादों की कई शिकायतें सामने आ चुकी हैं। उनके मुताबिक, अब तक मारपीट की पांच से अधिक घटनाएं होने की बात कही जा रही है। हालांकि, इन सभी घटनाओं की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
लगातार विवादों की शिकायतों के कारण टोल प्लाजा की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों और टोल प्रबंधन के अनुसार, स्थानीय वाहनों से टोल वसूली को लेकर होने वाले विवाद इसकी प्रमुख वजहों में शामिल हैं।
स्थानीय वाहनों से टोल वसूली के दौरान वाहन चालकों और कर्मचारियों के बीच कहासुनी होने की बात सामने आती रही है। आरोप है कि कुछ मामलों में विवाद मारपीट तक पहुंच गए। वहीं, टोल प्लाजा पर काम करने वाले स्थानीय कर्मचारियों के साथ भी झगड़ों की शिकायतें सामने आई हैं।
रविवार रात हुई घटना ने एक बार फिर टोल प्लाजा पर सुरक्षा इंतजामों और विवादों को रोकने की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। अज्ञात लोगों की पहचान करने के साथ तोड़फोड़ और मारपीट के आरोपों की पड़ताल की जा रही है।