
सकट क्षेत्र के बाढ़ बंध का बास नारायणपुर से सोमवार को पपलाज माता सेवा समिति नारायणपुर के तत्वावधान में पपलाज माता की छठी पदयात्रा श्रद्धा और उत्साह के साथ रवाना हुई। पदयात्रा की शुरुआत शीतला माता मंदिर से विधिवत पूजा-अर्चना और झंडा पूजन के साथ हुई। इस दौरान माता के जयकारों से पूरा माहौल भक्तिमय हो गया।
पदयात्रा सेवा समिति के अध्यक्ष विश्राम सैनी ने बताया कि पदयात्रा रवाना होने से पहले पंडित पवन कुमार शर्मा ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ झंडे का विधिवत पूजन कराया। इसके बाद पदयात्रा में शामिल पपलाज माता के रथ में अखंड ज्योति प्रज्वलित की गई। श्रद्धालुओं ने माता की सामूहिक आरती उतारी और परिवार तथा क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की।
नाथलवाड़ा ग्राम पंचायत प्रशासक मुकेश मंडावरी और पूर्व सरपंच फतेह राम मीणा ने हरी झंडी दिखाकर पदयात्रा को रवाना किया। पदयात्रा में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष श्रद्धालुओं ने भाग लिया। पुरुष श्रद्धालु हाथों में ध्वज-पताका लेकर माता के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे। वहीं महिलाएं डीजे पर बज रहे भजनों की धुन पर नाचते-गाते और भक्ति में झूमते हुए पदयात्रा में शामिल हुईं।
पदयात्रा के दौरान रास्ते में श्रद्धालुओं का जगह-जगह स्वागत किया गया। ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने पदयात्रियों पर पुष्प वर्षा की तथा फल वितरित किए। स्वागत के दौरान श्रद्धालुओं में भी खासा उत्साह नजर आया। पदयात्री माता के जयकारे लगाते हुए पूरे उत्साह और भक्ति भाव के साथ अपने गंतव्य की ओर बढ़ते रहे।
आयोजकों के अनुसार पदयात्रा नारायणपुर से रवाना होकर बांदीकुई, सिकंदरा, राजवास, गढ़ रानोली और मोरोली होते हुए मंगलवार शाम घाटा पपलाज माता मंदिर पहुंचेगी। मंदिर पहुंचने के बाद पदयात्रियों द्वारा सामूहिक रूप से माता के मंदिर पर ध्वज चढ़ाया जाएगा। इसके बाद मंदिर परिसर में माता का रात्रि जागरण आयोजित किया जाएगा।
बुधवार को दोपहर 12 बजे माता रानी को भोग लगाया जाएगा। इसके बाद भंडारे का आयोजन किया जाएगा, जिसमें श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया जाएगा। समिति की ओर से पदयात्रियों के लिए मार्ग में आवश्यक व्यवस्थाएं की गई हैं। छठी पदयात्रा को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह बना हुआ है। आयोजकों ने बताया कि पदयात्रा का उद्देश्य माता के प्रति आस्था के साथ क्षेत्र में सुख-शांति और समृद्धि की कामना करना है।